काशीपुर में द टीचर्स शो वेबीनार में फिंगर पपेट प्रस्तूत करती शिक्षिका श्वेता।
- फोटो : KASHIPUR
काशीपुर। सांस्कृतिक स्रोत एवं प्रशिक्षण केंद्र (सीसीआरटी) की ओर से द टीचर्स शो राष्ट्रीय वेबिनार का आयोजन किया गया। इसमें हस्तकला और कठपुतली कला के कॅरिअर की जानकारी दी गई।
शुक्रवार की शाम आयोजित वेबिनार में राजकीय प्राथमिक विद्यालय धीमरखेड़ा नवीन की सहायक अध्यापिका श्वेता डाबर को बतौर मुख्य वार्ताकार आमंत्रित किया गया। डाबर ने हस्तकला और पुतली कला के शिक्षा क्षेत्र में किए गए कार्यों, विभिन्न कार्यशालाओं में मुख्य संदर्भदाता और कार्यशैली आदि के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने स्टिक पपेट के माध्यम से स्वच्छता गीत के साथ कार्यक्रम का आरंभ किया। फिंगर पपेट (अंगुली पुतली) के माध्यम से नैतिक शिक्षा पर आधारित एक कहानी की पपेट नाट्य रचना प्रस्तुत की। बताया कि कला का प्रयोग मनोरंजन नहीं है बल्कि खेल-खेल में बच्चे का सही मार्गदर्शन और शिक्षा प्रदान कर भविष्य का निर्माण भी करना है। वहीं, गिरीश चंद्र जोशी ने कहा कि शिक्षक समुदाय ऐसा होता है जो किसी भी नवीनता को बहुत ही सहजता से अपना लेती है। शिक्षक ही ऐसा व्यवसाय है जिसमें बार-बार बचपन को जीने का अवसर मिलता है। कार्यक्रम का संचालन डीएन भट्ट ने किया।