एलडी भट्ट सरकारी अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञ नहीं होने से मरीजों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बुखार से बुरी तरह से तपे बच्चे को इलाज के लिए मां अस्पताल लाई तो डाक्टर ने जांच करने के बाद उसे प्राइवेट अस्पताल ले जाने की सलाह दे दी। मजबूर मां बच्चे को लेकर वहां से चली गई।
जानकारी के अनुसार ग्राम खड़कपुर देवीपुरा निवासी महेश के बेटा दीपक (7) को शुक्रवार को अचानक बुखार ने जकड़ लिया। प्राइवेट क्लीनिक से दवाई लेने के बाद भी हालत में सुधार नहीं हुआ तो मां इलाज की आस में बच्चे को सरकारी अस्पताल ले आई। इमरजेंसी में तैनात डाक्टर ने बच्चे को जांच के बाद रेफर कर दिया।
मां को कुछ समझ नहीं आया तो उसने आधे घंटे तक बच्चे को स्ट्रेचर पर लेटा लिया। बुखार के चलते बच्चा दर्द से कराहता रहा और मां अस्पताल में ही उपचार होने की आस बांधे रही। लेकिन गुजारिश के बाद भी डाक्टर ने हाथ खड़े कर दिए तो मां उसे लेकर चली गई। सीएमएस डॉ वीके टम्टा ने कहा कि बच्चे के डाक्टर की मांग लगातार मुख्यालय से की जा रही हैै। हाल ही में देहरादून मुख्यालय में हुई बैठक में भी बच्चे की डाक्टर की मांग की गई है।