काशीपुर। कुंडा क्षेत्र में पिछले सप्ताह खैर की लकड़ी के कटान का मामला सामने आने और भारी तादाद में खैर की लकड़ी के गिल्टे बरामद होने के मामले में काशीपुर के रेंजर को हटाकर बनाई गई जांच समिति ने काशीपुर पहुंचकर मामले की जांच पूरी कर ली है। जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को एक दो दिन में सौंपे जाने की उम्मीद है। वहीं अभी काशीपुर रेंज का कार्यभार यहां से हटाए गए रेंजर देवेंद्र कुमार रजवार के ही पास है। उनके स्थान पर अभी कोई और रेंजर प्रतिस्थानी नहीं आया है।
13 मई को कुंडा क्षेत्र की पुलिस ने लकड़ी कटान की सूचना पर छापा मारा था। इसमें एक गाड़ी में भरकर लाई जा रही खैर की लकड़ी के करीब 70 नग बरामद हुए थे। इसके बाद छिपाकर रखे गए कई और गिल्टे भी बरामद किए गए थे। कुल मिलाकर 156 नग लकड़ी बरामद हुई थी। मामले का शासन और वन मंत्री सुबोध उनियाल द्वारा तत्काल संज्ञान लिए जाने पर काशीपुर के रेंजर देवेंद्र कुमार रजवार को हटा कर हल्द्वानी कार्यालय से संबद्ध कर दिया गया लेकिन आज तक उनके स्थान पर कोई प्रतिस्थानी नहीं आया है। प्रभागीय वनाधिकारी प्रकाश चंद्र आर्य ने बताया कि रजवार को हल्द्वानी संबद्ध तो कर दिया गया है लेकिन अगली व्यवस्था तक काम वे ही देख रहे हैं। बताया कि लकड़ी के कटान के मामलों को देखते हुए समूचे क्षेत्र में अलर्ट घोषित कर दिया गया है।
इधर मामले की जांच उत्तरी कुमाऊं के कंजरवेटर को सौंपी गई थी, जिन्होंने बीते दिनों काशीपुर और कुंडा क्षेत्र में पहुंचकर पूरे अपनी रिपोर्ट तैयार कर ली है। ।वे एक दो दिन में अपनी जांच रिपोर्ट सक्षम अधिकारियों को सौंप सकते हैं।