काशीपुर। ग्राम पैगा निवासी किसान सुखवंत सिंह की जमीन खरीद-फरोख्त में हुई धोखाधड़ी और पुलिस की कार्यप्रणाली से परेशान होकर आत्महत्या के मामले में प्रशासनिक व राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। मेयर ने शोक संतप्त परिजनों से उनके घर पहुंचकर मुलाकात की और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से फोन पर बात कराई। सीएम ने भरोसा दिया कि दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। जो लोग इसमें दोषी होंगे उनको सजा मिलेगी।
मेयर दीपक बाली ने मंगलवार सुबह मृतक सुखवंत सिंह के पिता तेजा सिंह, भाई परविंदर सिंह, पत्नी प्रदीप कौर और बेटे गुरसहज को ढांढस बंधाया। उन्होंने कहा यह घटना अत्यंत दुखद और हृदयविदारक है। मेयर ने उन्हें बताया कि इस मामले में सीएम ने मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दे दिए हैं। कुमाऊं कमिश्नर को जांच सौंपी है। डीजीपी और गृह सचिव भी पूरे प्रकरण पर नजर रखे हुए हैं।
मेयर ने मृतक के भाई परविंदर सिंह की सीएम धामी से फोन पर बात कराई। मुख्यमंत्री ने सबसे पहले घटना को लेकर शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इस मामले में जो भी दोषी होगा चाहे वह कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो उसे किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और कानून के तहत सख्त सजा दी जाएगी।
सुखवंत के पिता और भाई ने मुख्यमंत्री से उन्हें न्याय दिलाने की बात कही। तब सीएम ने भरोसा दिलाया कि सरकार इस मामले को लेकर गंभीर है और निष्पक्ष कार्रवाई कर रही है। जिम्मेदार पुलिस अधिकारियों व कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई हो चुकी है। उन्होंने सुखवंत सिंह के बेटे गुरसहज के भविष्य को ध्यान में रखने की बात कही।
मेयर बाली ने बताया कि घटना के दौरान वह शहर से बाहर थे। जब उन्हें वहां घटनाक्रम की जानकारी हुई तब उन्होंने सीएम से दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई के संबंध में बात की थी। कहा कि काशीपुर में माफिया और गुंडों को पनपने नहीं दिया जाएगा। मेयर ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर लापरवाह पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई की गई है। जमीन और रुपयों से जुड़े धोखाधड़ी के मामलों की जांच के लिए पुलिस टीमें गठित की गई हैं।
उन्होंने कहा कि पूरे मामले का जल्द ही पर्दाफाश किया जाएगा। जिन 26 लोगों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई है। इनके अलावा भी यदि कोई परदे के पीछे से इस मामले में दोषी नजर आया तो उसे भी नहीं छोड़ा जाएगा। इसके बाद मेयर बाली ने पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक की।
इस मौके पर एसडीएम अभय प्रताप सिंह, एसपी स्वप्न किशोर सिंह, सीओ दीपक कुमार, तहसीलदार पंकज चंदोला, भाकियू युवा विंग के प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र कुमार जीतू, मुकेश चावला, पार्षद संदीप मोनू, जगजीत सिंह हैप्पी, जसपाल सिंह जस्सी, जगता सिंह बाजवा, राजू छीना आदि मौजूद रहे।
परिजनों को दिलाई सुरक्षा
मेयर दीपक बाली ने बताया कि एसपी और सीओ से बात करके मृतक के परिवार को पुलिस सुरक्षा उपलब्ध करा दी है। बताया एक होमगार्ड और एक सशस्त्र सिपाही को तैनात कर दिया है। पुलिस की टीम नियमित रूप से गश्त करेगी। उन्होंने बताया कि पुलिस अधिकारी परिवार की सुरक्षा को लेकर गंभीर है और नियमित रूप से अधीनस्थों से अपडेट ले रहे हैं।
.....13 केएसपी 07 पी....काशीपुर स्थित ग्राम पैगा में मृतक सुखवंत सिंह के बेटे गुरसहज व अन्य परिजनों से बात करते मेयर। संवाद
.....13 केएसपी 08 पी...काशीपुर स्थित ग्राम पैगा मेें मृतक सुखवंत सिंह की पत्नी से शोक संवेदना जताते मेयर। स्रोत : स्वयं
- सुखवंत के बेटे गुरसहज ने बयां की अपनी पीड़ा, आरोपियों की धमकी से डरा था पूरा परिवार
काशीपुर। मेरे पापा मरे नहीं शहीद हुए हैं, वह पुलिस के आगे हार चुके थे। अंकल! ऐसा किसी और के साथ नहीं होना चाहिए। पापा हमसे दूर चले गए हैं... रुंधे गले से कुछ यूं मृतक सुखवंत सिंह के 14 वर्षीय बेटे गुरसहज ने बात करते हुए अपना दर्द बयां किया। यह भी बताया कि मुख्य आरोपी अमरजीत ने कुछ महीने पहले उसे भी धमकाने की कोशिश की थी। इसके बाद से परिवार के सभी सदस्य इस घटना से डरे हुए थे।
आईटीआई थाना क्षेत्र के ग्राम पैगा निवासी सुखवंत सिंह पुत्र तेजा सिंह की आत्महत्या के बाद से बेटा गुरसहज गुमसुम है। उसने अपनी आंखों के सामने अपने पिता को अफसरों के आगे हार मानकर मरते हुए देखा है। पिता का साया उठने के बाद गुरसहज उदास है। कभी घर के आंगन में आकर पिता की मौत के बाद आने वालों को बैठा देखता है तो कभी कमरे में जाकर अपनी मां को देखता है। जब गुरसहज से बात करने की कोशिश की तो उसने अपने रुंधे गले से बताया कि पापा कहते थे तुझे डॉक्टर बनाऊंगा, पापा मुझे बहुत प्यार करते थे, मेरी हर बात मानते थे।
स्कूल की छुट्टी होने पर मुझे और मम्मी को नैनीताल घुमाने ले गए थे लेकिन मेरे पापा पुलिस और इन लोगों के आगे हार चुके थे और वह मरे नहीं शहीद हुए हैं। गुरसहज ने कहा अफसरों और कई लोगों से परेशान होकर पापा उसे और उसकी मम्मी को छोड़ कर कहीं दूर चले गए हैं।
गुरसहज को दीपावली के दिन घूंसा दिखाकर डराया था
आरोपियों की मानसिकता देखिए कि उन्होंने इस किशोर बालक को भी डराने-धमकाने की कोशिश की थी। गुरसहज ने बताया कि मैं दीपावली से पहले अपने एक दोस्त के साथ बाइक से काशीपुर रेलवे स्टेशन के पास से पटाखे लेने गया था। तभी एक काले रंग की स्कॉर्पियो आई जिसमें अमरजीत उसको घूंसा दिखाकर और अंगुली दिखा रहा था। तब वह और उसका दोस्त डर गए। इसके बाद उसने घर फोन किया। चाचा परविंदर सिंह बताते हैं कि जब वह मौके पर पहुंचे तो आरोपी भाग गए थे।
सुखवंत आत्महत्या के मामले में एसआईटी का गठन
काशीपुर। आईटीआई थाना क्षेत्र के ग्राम पैगा निवासी सुखवंत की आत्महत्या के मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी ऊधमसिंह नगर ने एसआईटी का गठन कर दिया है। टीम अपने स्तर से इस मामले की हर पहलू से जांच-पड़ताल करेगी।
आईटीआई थाना पुलिस ने बीते सोमवार को सुखवंत सिंह के भाई परविंदर सिंह की तहरीर के आधार पर 26 लोगों के खिलाफ बीएनएस की धारा 108/318(4) में प्राथमिकी दर्ज कर ली है। इसमें अमरजीत सिंह, दिव्या, रवींद्र कौर, लवप्रीत कौर, कुलविंदर सिंह ऊर्फ जस्सी, हरदीप कौर, आशीष चौहान, गिरवर सिंह, महिपाल सिंह, शिवेंद्र सिंह, विमल व विमल की पत्नी, देवेंद्र, राजेंद्र, गुरप्रेम सिंह, जगपाल सिंह, जगवीर राय, मनप्रीत कलसी, अमित, मोहित, सुखवंत सिंह पन्नू, वीरपाल सिंह पन्नू, बलवंत सिंह बखसौरा, बिजेंद्र, पूजा और जहीर के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने इस मामले में अपराध एवं यातायात पुलिस अधीक्षक निहारिका तोमर के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया है। घटनाक्रम के शीघ्र खुलासे के लिए गठित की गई एसआईटी में जिले के अनुभवी थाना प्रभारियों व तकनीकी कर्मियों को शामिल किया गया है।