रामलाल सिंह चौहान विद्या मंदिर के मेधावियों ने एक बार फिर जिले के विद्यालयों में ही नहीं बल्कि प्रदेश के विद्यार्थियों की अपेक्षा मेरिट सूची में सबसे ज्यादा स्थान पाकर डंका बजाया है। अब तक इस विद्यालय के 52 विद्यार्थी इंटरमीडिएट और 36 विद्यार्थी हाईस्कूल की बोर्ड परीक्षा की प्रदेश की मेरिट में स्थान प्राप्त कर चुके हैं।
विद्यालय प्रधानाचार्य बलकरन सिंह ने कहा कि वह इसका श्रेय विद्यालय के व्यवस्थापक मदन पाल सिंह, प्रबंध कारिणी के सदस्यों और गुरुजनों को जाता है। उन्होंने बताया कि शुरू से ही हाईस्कूल, इंटरमीडिएट के आठ छात्रों को एक शिक्षक को गोद दे दिया जाता है। वह शिक्षक छात्र/छात्रा के घर जाकर अभिभावक से संपर्क कर उसके पढ़ाई के बारे में जानकारी लेते हैं।
उसकी पढ़ाई से संबंधित हर समस्या को दूर करने का प्रयास करते हैं। क्षेत्र के विद्यालयों के अनुभवी वरिष्ठ शिक्षकों को विद्यालय में बुलाकर उनका मार्ग दर्शन वह स्वयं लेते हैं तथा छात्रों को दिलवाते हैं। चार बार प्रीबोर्ड परीक्षा उनके विद्यालय में ही करायी जाती है। प्रार्थना सभा में महापुरुषों के संघर्षों के दिनों की छात्र/छात्राओं को जानकारी दी जाती है कि किन-किन विषम परिस्थितियों में उन्होंने अपना मुकाम हासिल किया।
ताकि छात्र/छात्रा भी उनके जीवन से प्रेरणा ले सकें। वह स्वयं भी छात्र/छात्राओं से संपर्क कर पढ़ाई की जानकारी लेते रहते हैं। इस वर्ष उनके विद्यालय का हाईस्कूल, इण्टरमीडिएट की मेरिट लिस्ट में टॉप थ्री, टॉप फाइप में क्यों नहीं आया, इस बात का उन्हे और प्रबन्धकारिणी के सदस्यों को अफसोस है। वह शिक्षकों की बैठक कर इस विषय पर मंथन करेंगे। यदि कोई कमी रह गई है तो उसे दूर करने का प्रयास करेंगे।