काशीपुर। युवाओं की नशों में नशा घोलने वाले आरोपी रिपुल चौहान ने एनकाउंटर के डर से कोतवाली पहुंचकर आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस ने उसे न्यायालय में पेश किया। पुलिस जल्द ही उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी। आरोपी ने जालंधर से एक ट्रांसपोर्ट से 18 पेटी में 43,950 नशे के इंजेक्शन मंगाए थे जिसकी बाजार में खुदरा कीमत एक करोड़ 32 लाख रुपये बताई गई थी।
बीती 15 दिसंबर की रात को पुलिस व एसओजी की टीम ने मुखबिर की सूचना पर सेफ एक्सप्रेस ट्रांसपोर्ट दढ़ियाल रोड, निकट मारिया स्कूल, टांडा उज्जैन पर छापा मारा था। पुलिस ने रिपुल चौहान की ओर से जालंधर से 18 पेटी में मंगाए गए नशे के इंजेक्शन बरामद किए थे। इस मामले में आरोपी हत्थे नहीं चढ़ा था। इस घटनाक्रम का 16 दिसंबर को एसएसपी मणिकांत मिश्रा व एसपी स्वप्न किशोर सिंह ने खुलासा किया था। बताया कि एनडीपीएस एक्ट के मामले में रिपुल चौहान निवासी ग्राम नजीमपुर, नजीबाबाद हाल कविनगर निवासी को पुलिस की तीन टीमें तलाश कर रही हैं।
लगातार पुलिस की दबिशें और बढ़ते दबाव व एनकाउंटर के भय से रिपुल चौहान बीते मंगलवार की देर शाम कोतवाली पहुंच गया। पुलिस ने गिरफ्तार कर उच्चाधिकारियों को सूचना दी। बुधवार को नशा तस्कर रिपुल चौहान को न्यायालय में पेश किया गया। पुलिस ने बताया कि पुलिस अब उसको रिमांड पर लेकर नशे के इंजेक्शन के धंधे में लिप्त अन्य लोगों के संबंध में पूछताछ कर उन पर शिकंजा कसने की तैयारी कर रही है।