पंतनगर। जीबी पंत कृषि एवं प्रौद्योगिक विवि परिसर में चल रहे चार-दिनी 118वें किसान मेले का समापन हो गया। समापन और पुरस्कार वितरण समारोह गांधी हाल में हुआ। मुख्य अतिथि कुलपति डाॅ. मनमोहन सिंह चौहान रहे। उन्होंने कहा कि कहा कि विवि सदैव किसानों की आय वृद्धि, सतत कृषि विकास और ग्रामीण समृद्धि के लिए प्रतिबद्ध रहा है। उन्हाेंने मेला प्रभारी और निदेशक प्रसार शिक्षा डाॅ. जितेंद्र क्वात्रा और उनकी टीम को मेले की सफलता के लिए बधाई दी। कहा कि यह मेला केवल तकनीकी प्रदर्शन का मंच नहीं, बल्कि किसानों, वैज्ञानिकों और उद्योग जगत के बीच संवाद और नवाचार का माध्यम है।
उन्होंने किसानों से आग्रह किया कि वह पारंपरिक कृषि के साथ आधुनिक तकनीकों को अपनाएं और फसल विविधीकरण, जलवायु-स्मार्ट कृषि और मूल्य संवर्धन पर विशेष ध्यान दें। कहा कि विवि प्रदेश के लगभग 60 लाख किसानों सहित देश के किसानों को भी वैज्ञानिक उपलब्धियों से योगदान दे रहा है। क्योंकि यह विवि देश का पहला कृषि विवि है इसलिए विवि की जिम्मेदारी भी है, और इस विवि से सभी को अपेक्षाएं भी हैं।
उन्होंने अगले किसान मेले का आयोजन चार के बजाय पांच दिन किए जाने की घोषणा की। इस अवसर पर प्रगतिशील कृषक गीतांजलि भोज व पूर्व छात्र डाॅ. सुखचरन सिंह ने भी अपने अनुभवों को साझा किया।
वहां पर निदेशक शोध डाॅ. सुभाष चंद्र, कृषि महाविद्यालय के 1963 बैच के पूर्व छात्र डाॅ. सुखचरन सिंह आदि थे।