कुंडेश्वरी निवासी राकेश नेगी ने कोरोनाकाल में पर्यावरण संरक्षण के लिए पहल शुरू की है। आबोहवा साफ करने में अपनी भूमिका निभाते हुए राकेश ने वर्षों पुराने पटाखे कारोबार को बंद कर दिया है। वह अब कॉस्मेटिक का काम करने लगे हैं। उन्होंने युवाओं व बच्चों को भी पटाखों से दूर रहने की सलाह दी है। पर्वतकुंज निवासी राकेश ने बताया कि कुंडेश्वरी चौराहे पर उसकी दुकान है। वह पिछले कई वर्षों से पटाखों का व्यवसाय करता था।
कोरोना महामारी शुरू होने पर लोगों को साफ वातावरण की जरूरत महसूस हुई। कोरोना से पीड़ित व्यक्तियों में ऑक्सीजन का स्तर कम होना पाया गया। डॉक्टरों की ओर से प्रदूषण कम करने पर जोर दिया जा रहा है। राकेश ने बताया कि इसी से प्रेरित होकर उसने अपना कारोबार बदलने की सोची। पिछले सात माह से वह कुंडेश्वरी चौराहे पर कॉस्मेटिक की दुकान कर रहा है। परिवार में उसकी 105 वर्षीय दादी भवानी देवी, पत्नी और एक आठ वर्ष का बेटा है। राकेश का कहना है कि प्रदूषण मुक्त वातावरण के लिए भावी पीढ़ी को पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सार्थक प्रयास करने होंगे।