पंतनगर एयरपोर्ट पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु को गणेश भगवान का फ्लावर पाट भेंट करते डीएम उदयराज
पंतनगर। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कहा कि वातावरण और मिट्टी की समस्याओं से निपटने के लिए दुनिया प्राकृतिक और जैविक खेती की ओर बढ़ रही है। पूरा विश्व इस साल को अंतरराष्ट्रीय मोटा अनाज वर्ष के रूप में मना रहा है। उत्तराखंड मोटे अनाज के उत्पादन में अग्रणी राज्य है। विश्वविद्यालय ने कृषि भूमि पर छिड़काव के लिए ड्रोन का निर्माण किया है और ड्रोन तकनीक का लाभ किसानों तक जल्द पहुंचेगा।
मंगलवार को जीबी पंत विश्वविद्यालय के प्रशासनिक भवन में आयोजित 35वें दीक्षांत समारोह में बतौर मुख्य अतिथि राष्ट्रपति ने उपाधि एवं पदक प्राप्त करने वाले सभी विद्यार्थियों और प्राध्यापकों को बधाई दीं। कहा कि देश का पहला विश्वविद्यालय शुरूआत से ही कृषि, अनुसंधान, प्रसार के लिए उत्कृष्टता का केंद्र बना हुआ है। पंतनगर बीज के नाम से विख्यात बीज पर किसान आंख बंद कर भरोसा करते हैं। विवि ने विभिन्न फसलों, फलों और सब्जियों के कुल 346 उन्नत किस्मों और दो नस्लों का विकास किया हैै। दलहनी फसलों की सात प्रजातियां विकसित की हैं। ये प्रजातियां दलहन उत्पादन में जरूर क्रांति लाएगी। कहा कि विवि को तीन बार सरदार पटेल उत्कृष्ट कृषि संस्थान अवार्ड से सम्मानित किया जा चुका है। विवि पुस्तकालय में साढ़े चार सौ से अधिक पुस्तकें हैं और विद्यार्थियों को पुस्तकें खरीदनी नहीं पड़ती हैं। अध्ययन-अध्यापन डिजिटल रूप में उपलब्ध है। उन्होंने कृषि ड्रोन के लिए विवि के वैज्ञानिकों एवं शोधकर्ताओं को बधाई दी। राष्ट्रपति ने 1041 विद्यार्थियों को उपाधि और दीक्षा प्रदान की।