पुलिस प्रशासन ने हाइवे से अतिक्रमण हटाने के साथ ही दो दर्जन से अधिक व्यापारियों के चालान काटे। चालान काटने से खफा व्यापारियों ने कोतवाली में धरना दिया। व्यापारी नेता और पुलिस की नोकझोंक भी हुई। पुलिस अधिकारियों और व्यापारी नेताओं के बीच वार्ता के बाद धरना खत्म हुआ।
मंगलवार को आरओ/एसडीएम दयानंद सरस्वती और सीओ राजीव मोहन की अगुवाई में पुलिस और पीएसी कर्मियों ने रामनगर हाइवे पर संतोषी माता मंदिर से लेकर टांडा तिराहे तक अतिक्रमण हटाया। टीम ने दुकानों के बाहर पटरी में रखा सामान भी जब्त कर लिया।
अतिक्रमण करने वाले व्यापारियों के पुलिस एक्ट में 250 रुपए से लेकर 10 हजार रुपए तक चालान किए गए। हालांकि टीम ने नगर निगम में जब्त किए गए सामान को लौटा दिया। उधर दुकानदारों पर पुलिस एक्ट में जुर्माना लगाने की जानकारी मिलने पर प्रांतीय नगर व्यापार मंडल अध्यक्ष दीपक वर्मा कई दुकानदारों के साथ कोतवाली पहुंच गए। उन्होंने बिना सूचना दिए अतिक्रमण हटाने, गलत तरीके से दुकानदारों का सामान जब्त करने, अभद्रता और भारी जुर्माना लगाने पर कड़ी नाराजगी जताई। सीओ राजीव ने कहा कि जिन दुकानदारों ने अतिक्रमण किया था, उनका ही सामान जब्त कर चालान किया गया है। एसडीएम ने कहा कि सड़क पर सामान रखने वालों पर कार्रवाई होगी।
इस बीच आक्रोशित दीपक ने ऊंची आवाज में अपनी बात रखी तो कोतवाल ने धीमी आवाज में बात रखने की नसीहत दी, जिसको लेकर दोनों में नोकझोंक भी हो गई। नाराज दीपक ने दुकानदारों के साथ कोतवाली गेट पर धरना दिया और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। बाद में व्यापार मंडल के कुमाऊं प्रभारी अश्वनी छाबड़ा और राजीव सेतिया ने धरने पर बैठे दीपक की अधिकारियों के साथ वार्ता कराई। इसी बीच किसी बात से नाराज होकर सीओ और एसडीएम वार्ता छोड़कर दफ्तर से बाहर आ गए। हालांकि व्यापारियों के आग्रह पर वे फिर वार्ता के लिए आए। दोनों पक्षों में वार्ता के बाद धरना खत्म हुआ। अतिक्रमण हटाने वालों में कोतवाल ओम प्रकाश, एएसआई लाखन सिंह, एसआई जसविंदर सिंह, दिनेश फर्त्याल, प्रवीन सिंह थे।
धरना देने वालों को देंगे नोटिस
काशीपुर। पुलिस प्रशासन ने आचार संहिता लागू होने के बावजूद कोतवाली में धरना देने वालों को हटाने की तैयारी कर दी थी। कोतवाली की सभी चौकियों के अलावा आईटीआई और कुंडा थानों से भी पुलिस बल और पीएसी को बुला लिया गया था। इधर आरओ/ एसडीएम दयानंद सरस्वती ने कहा कि कोतवाली में धरना देने वालों को आचार संहिता उल्लंघन का नोटिस दिया जा रहा है।