खटीमा। तराई पूर्वी वन प्रभाग हल्द्वानी के सुरई रेंज में उत्तराखंड वन विकास निगम को आवंटित लॉटों में अनाधिकृत पातन के संबंध में जांच कमेटी की प्राथमिक रिपोर्ट के बाद वन दरोगा रामेश्वर दयाल और डिप्टी रेंजर सुंदरलाल वर्मा को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही निलंबन की अवधि तक डिप्टी रेंजर वर्मा को उप प्रभागीय वनाधिकारी कार्यालय रुद्रपुर से संबद्ध कर दिया गया है।
सुरई रेंज में वन निगम के छपान और कटान को लेकर हो रही गड़बड़ियों को लेकर विभागीय अधिकारियों के साथ ही वन मंत्री से की शिकायत की थी। इसको लेकर 17 अक्तूबर को वन संरक्षक डॉ. विनय भार्गव और डीएफओ हिमांशु बागड़ी ने सुरई रेंज में लकड़ी कटान का निरीक्षण भी किया था। जांच के बाद वन संरक्षक ने वन दरोगा रामेश्वर दयाल और डिप्टी रेंजर सुंदरलाल वर्मा को निलंबित करने की संस्तुति कर दी है।
सूत्रों के मुताबिक, इस मामले में कुछ और अधिकारी जांच के दायरे में आ सकते हैं। सवाल यह है कि आखिर वन दरोगा और डिप्टी रेंजर ने अकेले यह गड़बड़ी कैसे कर दी। इस कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। इधर, एसडीओ संचिता वर्मा ने बताया कि उन्हें वन दरोगा और डिप्टी रेंजर के निलंबन के आदेश की कोई लिखित सूचना नहीं मिली है। डीएफओ हिमांशु बागड़ी ने बताया कि जांच के बाद वन दरोगा और डिप्टी रेंजर को निलंबित कर दिया गया है।