सितारगंज। शक्तिफार्म क्षेत्र अवैध मिट्टी खनन का गढ़ बनता जा रहा है। यहां सूखी नदी के किनारे बसे गांव रुदपुर, निर्मल नगर और राजनगर के बाद अब सुरेंद्रनगर में भी अवैध मिट्टी का खनन का कार्य धड़ल्ले से चल रहा है।
बीते दिनों खनन माफिया ने सूखी नदी के पुल के नीचे अवैध मिट्टी का खनन किया था। अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद राजस्व और लोक निर्माण विभाग हरकत में आया है। राजस्व विभाग की टीम ने सूखी नदी पुल के नीचे हुए अवैध मिट्टी खनन क्षेत्र का निरीक्षण किया। राजस्व टीम ने यहां अवैध मिट्टी खनन की पुष्टि की। लोनिवि ने एसडीएम रविंद्र जुवांठा और कोतवाल सुंदरम शर्मा एवं सिडकुल चौकी प्रभारी जगत सिंह शाही से अवैध मिट्टी खनन रोकने के लिए पत्राचार किया है।
एसडीओ अजेंद्र जोशी ने बताया कि सिरसा मोड़ से वाया शक्तिफार्म होते हुए सिडकुल तक सूखी नदी पर 180 मीटर लंबा पुल निर्मित है। यह पुल औद्योगिक क्षेत्र को शक्तिफार्म से जोड़ता है। उन्होंने कहा कि इससे पुल के क्षतिग्रस्त होने की आशंका है। एसडीएम और कोतवाल से पुल के नीचे खनन गतिविधियों को रोकने के लिए पत्राचार किया है।
तहसीलदार हिमांशु जोशी ने बताया कि पुल के नीचे की सरकारी जमीन में अवैध खनन की पुष्टि हुई है। इसकी रिपोर्ट तैयार की जा रही है।