रुद्रपुर में जिला मुख्यालय के नजदीक न्यू डिवाइनसिटी (छतरपुर) में घनी आबादी को खतरे में डालकर खुले आसमान के नीचे बनाए गए कबाड़ के गोदाम में भीषण आग लग गई। आग लगने से न्यू डिवाइन सिटी में अफरा-तफरा मच गई। दमकल विभाग की टीम ने साढ़े पांच घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
बृहस्पतिवार की सुबह करीब आठ बजे दिनेशपुर रोड से सटे न्यू डिवाइन सिटी में कबाड़ के गोदाम में अचानक आग गई। पूरा वातावरण गहरे काले गहरे धुंए से घिर गया। देखते ही देखते कबाड़ के गोदाम में आग भड़क गई। मौके पर लोगों का हुजूम लग गया। सूचना पर करीब पौने नौ बजे अग्निशमन अधिकारी महेश चंद्र के नेतृत्व में दमकल विभाग के तीन वाहन मौके पर पहुंच गए। सिडकुल की कंपनियों से भी अग्निशमन के वाहन बुलाए गए।मौके पर कई टन कबाड़ था। आग फैलते ही जा रही थी। आसपास के मकानों के लिए खतरा पैदा हो गया। लोग घरों के आग की चपेट में आने की आशंका से चिंतित हो गए। घरों की छतों में चढ़कर आग बुझने की प्रतीक्षा करने लगे। आग बुझाने के लिए दमकल विभाग की टीम को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। कबाड़ को हटाने के लिए जेसीबी लगानी पड़ी। दोपहर करीब दो बजे आग पर काबू पाया जा सका। अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि पानी से भरे एक वाहन को ऐहतियात के तौर पर मौके पर रखा गया है। कबाड़ कमल अरोरा नामक व्यक्ति का था। आग लगने की सूचना पर बड़ी संख्या में लोगों का हुजूम मौके पर पहुंच गया। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल तैनात करना पड़ा। आपदा प्रबंधन विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची।
पुराने टायरों ने भड़काई आगकबाड़ में वाहनों के कई टन पुराने टायर रखे हुए थे। जिससे आग भड़कने में मदद मिली। आग पूरे कबाड़ में फैल गई। पुराने टायरों के जलने से वातावरण में काला धुआं फैल गया।
नियमों को ताक पर रखकर बनाया गया गोदामघनी आबादी के बीच कबाड़ का गोदाम बनाने पर गंभीर सवाल उठे हैं। आबादी के मध्य में बने गोदाम का सरकारी तंत्र ने संज्ञान नहीं लिया। इलाके के लोगों ने बताया कि कई बार कबाड़ का कारोबार करने वाले व्यक्ति से घनी आबादी से गोदाम हटाने के लिए कहा गया लेकिन लोगों की बात अनसुनी कर दी गई। स्थानीय लोगों का कहना था कि घनी आबादी के बीच कबाड़ के कारोबार पर रोक लगनी चाहिए।
स्कूल की छुट्टी कराई, घरों में भर गया काला धुआं
घटनास्थल के पास में विद्यालय नाम से कक्षा पांच तक के एक निजी स्कूल का संचालन किया जाता है। वातावरण में धुआं फैलने से बच्चों की छुट्टी कर दी गई। आसपास के घरों में धुआं भर गया।
आग बुझाने में लिया सिडकुल की कंपनियों का सहयोगआग इतनी जबरदस्त थी कि उस पर काबू पाने के लिए सिडकुल की कंपनियों के अग्निशमन वाहन बुलाने पड़े। अग्निशमन अधिकारी महेश चंद्र ने बताया कि आग बुझाने में सिडकुल से बजाज, महेंद्रा, हिंनुस्तान लीवर, अशोक लीलेंड, सिडकुल पंतनगर के अग्निशमन वाहनों ने सहयोग दिया। आग बुझाने के लिए 60 गाड़ी पानी मंगाना पड़ा।
एक वाहन खराब होने से पहुंची बाधाआग बुझाने में सिडकुल की एक कंपनी का दमकल वाहन खराब होने से अन्य दमकल वाहनों के आग के पास पहुंचने में बाधा आई। दमकल वाहनों को दूर से आग पर पानी डालना पड़ा। लोगों ने धक्का मारकर खराब वाहन को मौके से हटाया। तब जाकर अग्निशमन वाहन वाहन आग के पास तक पहुंच पाए।
घनी आबादी में कबाड़ का गोदाम नहीं होना चाहिए था। जानमाल का नुकसान हो सकता था। मामले में रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को सौंपी जाएगी।-महेश चंद्र, अग्रिशमन अधिकारी रुद्रपुर