किच्छा के खुरपिया फॉर्म में धरना देते भूमिहीन। संवाद
किच्छा। खुरपिया फार्म के भूमिहीनों ने अपनी जमीन और रोजगार की मांगों पर रविवार से बेमियादी आंदोलन शुरू कर दिया है। भूमिहीन संघर्ष समिति के बैनर तले शुरू किए गए आंदोलन में वक्ताओं ने सरकार को चेतावनी दी कि यदि जल्द मांगें पूरी न की गईं तो पहले क्रमिक अनशन और फिर आमरण अनशन किया जाएगा।
रविवार को धरनास्थल पर बड़ी संख्या में भूमिहीन ग्रामीण एकत्र हुए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। भूमिहीन संघर्ष समिति के प्रकाश चंद्र पाठक ने कहा कि ग्राम पंचायत खुरपिया के भूमिहीन परिवार दशकों से कृषि भूमि आवंटन का इंतजार कर रहे हैं। प्रदेश की पूर्व सरकारों ने भूमि सुधार अधिनियम के तहत सीलिंग में अतिरिक्त घोषित 485 एकड़ भूमि आरक्षित की थी। वर्तमान में यह भूमि 405 एकड़ है जिसे अभी तक बांटा नहीं गया है।
पाठक ने बताया कि तीन पीढ़ियों से यहां रह रहे परिवारों को उजाड़ने से पहले बसाने के लिए यह भूमि आरक्षित थी। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी दो प्रमुख मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा। ये मांगें क्षेत्र के भूमिहीन ग्रामीणों के लिए खेती योग्य भूमि का आवंटन और शिक्षित बेरोजगारों को स्थायी नौकरी दिलाना है। वहां ग्राम प्रधान पूजा, क्षेत्र पंचायत सदस्य शांति देवी, अजय पाल, प्रताप, पूनमगिरी, ज्योति, कुंवरपाल, करन सिंह, चंचल कुमार, जगप्रताप, राकेश, नैन सिंह आदि थे। संवाद