रुद्रपुर। संदिग्ध हालात में एक युवा व्यापारी ने खुद को तमंचे से गोली मारकर जान दे दी। आत्महत्या के कारण स्पष्ट नहीं हो सके। मृतक का शव घर में बने स्टोर के सोफे पर मिला। उसके सीने में गोली लगी थी। मौके पर सुसाइड नोट भी बरामद किया गया है। इसमें ब्लैकमेलिंग का जिक्र करते हुए दो लोगों के नाम भी लिखे हैं। पुलिस ने घटना स्थल से 315 बोर का तमंचा, खाली कारतूस और सुसाइड नोट कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी।
आदर्श कॉलोनी निवासी राकेश उर्फ रिंकू अग्रवाल (35) पुत्र भूपेंद्र अग्रवाल गोल मार्केट में बाबा जनरल स्टोर के नाम से दुकान चलाता था। शुक्रवार रात वह घर आया और कमरे में सोने चला गया। उसकी पत्नी रुचि गर्ग पिछले सोमवार से पुुत्र और पुत्री को लेकर बनबसा अपने मायके गई थी। सुबह साढ़े नौ बजे तक रिंकू जब कमरे से बाहर नहीं निकला तो परिजनों को शंका हुई और उन्होंने किसी तरह उसके कमरे का दरवाजा खोला जहां रिंकू नहीं था।
उसके बाद कमरे से सटे गोदाम में जाकर देखा गया तो रिंकू सोफे पर मृत पड़ा था। उसके सीने में गोली लगी थी और सामने 315 बोर का तमंचा था। रिंकू की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया। सूचना पर एसएसपी सैंथिल अबुदई कृष्ण राज, एएसपी देवेंद्र पिंचा, कोतवाल नित्यानंद पंत, एसएसआई प्रकाश सिंह दानू सहित विधायक राजकुमार ठुकराल, पूर्व मंत्री तिलकराज बेहड़ व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय जुनेजा आदि लोग वहां पहुंच गए। कमरे में तलाशी लेने पर एक सुसाइड नोट भी बरामद किया गया।
जिसमें मृतक ने ब्लैकमेलिंग का जिक्र करते हुए दो लोगों के नाम भी लिखे हैं। इसमें लिखा है कि उसे ब्लैकमेल करके षड्यंत्र के तहत फंसाने का प्रयास किया जा रहा है, जिसे वह झेल नहीं सकता। सुसाइड नोट में पत्नी और दो बच्चों की सुरक्षा की चिंता जताते हुए दो लोगों का नाम लिखकर यह भी कहा है कि एक व्यक्ति उससे जान छुड़ाने के दस लाख मांगता है। पुलिस ने सुसाइड नोट के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है।
रुद्रपुर। खुद को गोली मारने वाले युवा राकेश अग्रवाल के परिजनों के अनुसार तनाव के चलते राकेश ने करीब एक हफ्ते से खाना भी छोड़ रखा था। वह दुकान पर भी ठीक से ध्यान नहीं दे रहा था। घटना से एक दिन पहले मृतक के छोटे भाई अंकुर ने उसे अपने हाथ से सुबह का नाश्ता कराया था और शाम को यह भी पूछा कि क्या वह उसका साथ देगा।
रुद्रपुर। मृतक ने घटना से पहली रात में अपने छोटे भाई अंकुर से शहर के एक होटल स्वामी को जानने की बात भी पूछी थी। लेकिन अंकुर के हां कहने पर उसने बात आगे नहीं बढ़ाई। मृतक ने अपने सुसाइड नोट में दो लोगों द्वारा उसके पास लड़की लाए जाने की बात भी लिखी है, इससे अंदेशा लगाया जा रहा है कि लड़की और होटल वाली बात में कोई तालमेल भी हो सकता है।
रुद्रपुर। युवा व्यापारी राकेश अग्रवाल की आत्महत्या के पीछे आखिर दो लोगों द्वारा लड़की लाने के पीछे क्या राज है यह पुलिस के लिए अभी तक पहेली बना हुआ है। मृतक ने अपने सुसाइड नोट में दो लोगों के नामों का खुलासा करते हुए कहा है कि एक ने उसके पास घटना वाले दिन आदमी भेजा था तो दूसरा जान छुटाने के लिए दस लाख रुपए की मांग कर रहा है। सुसाइड नोट में आगे लिखा है कि जबकि दोनों ही लड़की को लेकर आए थे।
रुद्रपुर। आत्महत्या के मामले में चौंकाने वाली बात यह है कि 315 बोर के तमंचे से चली गोली की आवाज परिजनों को भी नहीं जगा पाई। गोली चलने के करीब पांच घंटे बाद उन्हें कमरे का दरवाजा तोड़ने के बाद घटना की जानकारी मिली। हालांकि मृतक के पिता भूपेंद्र अग्रवाल का कहना है कि तड़के उन्हें कुछ धमाके का आभास हुआ लेकिन अक्सर क्षेत्र में सुबह के समय आने वाले कबाड़ी भी दरवाजा खटखटाते थे जिसके चलते उन्होंने आवाज पर ज्यादा ध्यान नहीं दिया।
इस दौरान मृतक का भाई अंकुर भी दो बार भाई के लिए नाश्ता लेकर गया लेकिन वापस लौट आया जब देर तक मृतक ने दरवाजा नहीं खोला तो उन्हें संदेह हुआ और दरवाजा तोड़ने पर घटना की जानकारी मिली। मामले में विधायक राजकुमार ठुकराल और पूर्व मंत्री तिलकराज बेहड़ ने एसएसपी से घटना की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इससे पूर्व दोनों नेताओं ने परिजनों को ढांढस बंधाया।