ाशीपुर में कूड़ाघर हटाकर रखे गए फूलों के गमले।
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काशीपुर। क्षेत्र में दो दशक से नासूर बने एक कूड़ाघर को हटाकर एक संस्था ने वहां फूलों के गमले रख दिए हैं। कटोराताल निवासी असरार अहमद के पिता स्व. शेख अताउल्ला अपने मकान के पास स्थित भूखंड में लकड़ी की टाल करते थे। भूखंड के एक हिस्से में रूई धुनने की मशीन थी। करीब दो दशक पहले लकड़ी की टाल बंद कर दी गई। इसके बाद से मोहल्ले के लोगों ने प्लाट के सामने कूड़ा डालना शुरू कर दिया। धीरे-धीरे प्लाट के आगे की सड़क कूड़ाघर में तब्दील हो गई।
अब दर्पण फाउंडेशन के सदस्यों ने सड़क से कूड़े के ढेर हटाकर उक्त स्थान को चूने और ब्लीचिंग पाउडर से साफ किया और वहां फूलों के गमले रख दिए। संस्था ने कुछ जागरूक युवाओं को वहां की देखरेख की जिम्मेदारी सौंपी है ताकि लोगों को वहां कूड़ा डालने से रोका जाए। इस अभियान में इदरीश अंसारी, राशिद अली, असद रहमानी, रोहित चौधरी, सलमान सलमानी, जतिन नरूला, हनीफ गुड्डू, दानिश सिद्दीकी, अनमोल सचदेवा, नितिन कुमार गोले, मो. नाजिर, जावेद सिद्दीकी आदि थे। संवाद