बिल्डिंग स्वामी ने किया 50 लाख की हानि का दावा
सूचना पर विधायक शिव अरोरा, एसडीएम मनीष बिष्ट, सीएफओ वंश बहादुर यादव, एफएसओ गिरीश बिष्ट, ट्रांजिट कैंप एसएचओ सुंदरम शर्मा, ट्रैफिक प्रभारी विजय विक्रम सहित तमाम लोग अपनी-अपनी टीम के साथ माैके पर पहुंचे और जायजा लिया। विधायक ने पीड़ितों की संभावित मदद करने का आश्वासन दिया। बिल्डिंग स्वामी राजेश डाबर ने करीब 50 लाख रुपये की हानि का दावा किया है। इसके अलावा सभी प्रतिष्ठान स्वामियों को भी नुकसान हुआ है। सीएफओ वंश बहादुर यादव का कहना है कि नुकसान का आकलन कर घटना की जांच की जा रही है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
रेस्टोरेंट के अंदर का पूरा सामान जलने की आंशका
इमारत के प्रथम तल में मौजूद शराब की दुकान में बाहर की ओर काफी नुकसान हुआ। दुकान के अंदर रखी शराब आग की चपेट में नहीं आ सकी। जबकि आग की चपेट में आई बाइक इसी दुकान के बाहर खड़ी थी। इसके अलावा बगल में मौजूद बैंक अंदर की ओर से पूरी तरह सकुशल बच गया। लेकिन दूसरे तल में मौजूद रेस्टोरेंट के पूरी तरह से जल जाने की आंशका है।
पीवीसी फाइबर में तुरंत पकड़ती है आग
बिल्डिंगों के बाहर सजावट के लिए लगने वाली पीवीसी फाइबर तुरंत आग पकड़ती हैं। इसी तरह पिछले वर्ष शहर के गुरु मां इलेक्ट्रानिक्स में भी पीवीसी फाइबर पर आग लगी थी। वहां मौजूद सभी लोगों की जुबान में वह हादसा आ रहा था। इमारत के बगल में निजी अस्पताल भी मौजूद था। यदि आग ज्यादा भड़कती तो बड़ी घटना होने की संभावना थी।
बैंक का अलार्म बजते ही बाहर की ओर भागे कर्मचारी
रुद्रपुर। बैंक में मौजूद एक कर्मचारी ने बताया कि वह कंप्यूटर में काम कर रहे थे और जल्दी काम निपटाकर घर जाने की तैयारी में थे लेकिन अचानक बैंक का अलार्म बजा और सभी कर्मचारियों में अफरा-तफरी मच गई। सभी बाहर की ओर भागे तो देखा कि बिल्डिंग में बाहर की ओर आग की लपटें निकल रही थीं। घटना से कुछ महिला कर्मचारी भयभीत हो गईं। जानकारी के अनुसार बैंक को अधिक नुकसान नहीं हुआ है।
बैंक के नजदीक हाईड्रेंट होता तो शायद कम होता नुकसान
शहर की नैनीताल रोड पर अधिकतर भीड़ होती है। शहर के तमाम बड़े होटल, शराब की दुकान, बैंक और शॉपिंग मार्ट इसी रोड पर मौजूद है। इस कारण वहां पर एक फायर हाईड्रेंट की आवश्यकता अधिक महसूस हुई। यदि वहां फायर हाईड्रेंट होता शायद बिल्डिंग में कम नुकसान होता।
नैनीताल रोड पर घंटों लगा रहा जाम
रुद्रपुर। नैनीताल रोड पर मौजूद बिल्डिंग में आग लगने से वहां से निकलने वाला हर व्यक्ति रुक कर घटना काे देखने लगा। इस दौरान सड़क पर एक तरफ की लेन में वाहनों का घंटों तक जाम रहा और वाहन रेंगते हुए नजर आए। करीब एक घंटे बाद जब भीड़ हटी तो यातायात शुरू हुआ।