रुद्रपुर। रोडवेज कार्यशाला में बसों की मरम्मत के पुख्ता इंतजाम नहीं हैं। इंजन में आई खराबी को ठीक करना डिपो की कार्यशाला की क्षमता से बाहर है। इसे ठीक करने के लिए मंडलीय कार्यशाला काठगोदाम पर निर्भर रहना पड़ता है। डिपो की एक बस की मरम्मत चार महीने बाद भी नहीं हुई है। दो अन्य बसों को भी मरम्मत का इंतजार है।
बसों के इंजन में खराबी आने पर या तो बस को मंडलीय कार्यशाला काठगोदाम भेजना पड़ता है या मंडलीय कार्यशाला से उपकरण मंगाने पड़ते हैं। कई बार तो बसों की खराबी दूर करने पर मंडलीय कार्यशाला में भी कई महीने लग जाते हैं। जून में एक बस के इंजन में आई खराबी को मंडलीय कार्यशाला के मैकेनिक अब तक ठीक नहीं कर पाए हैं।
केस-1
बीते तीन जून को बस (यूके 07 पीए 4275) की इंजन में खराबी आ गई थी। बस को डिपो की कार्यशाला में लाया गया। इसके बाद डिपो की कार्यशाला से बस को मंडलीय कार्यशाला काठगोदाम भेजा गया लेकिन आज तक बस की खराबी दूर नहीं हो पाई है।
केस-2
19 अगस्त को बस (यूके 07 पीए 2854) को इंजन की खराबी के कारण डिपो की कार्यशाला में खड़ा किया गया। बस की खराबी अब तक दूर नहीं हुई है। यह बस डिपो की कार्यशाला की शोभा बढ़ा रही है।
-केस-3
बीते 23 सितंबर को बस (यूके 04 पीए 1668) को इंजन के सिलिंडर हेड में खराबी के कारण डिपो की कार्यशाला लाया गया। करीब पांच दिन बाद मंडलीय कार्यशाला से उपकरण मंगाने के बाद खराबी दूर की जा रही है।
-कोट:
इंजन की खराबी दूर करने की सुविधा मंडलीय कार्यशाला में ही है। बस संख्या यूके 07 पीए 4275 के इंजन की खराबी मंडलीय कार्यशाला में दूर की जा रही है। जल्द ही दो अन्य बसों की भी खराबी दूर हो जाएगी। - श्रीराम कौशल, सहायक महाप्रबंधक, रोडवेज डिपो, रुद्रपुर