सितारगंज/नानकमत्ता। भाकियू प्रदेश अध्यक्ष करम सिंह पड्डा ने कहा कि एक मार्च को रुद्रपुर के गांधी मैदान में होने वाली महापंचायत में हजारों किसान जुटेंगे। इसके लिए हर ब्लॉक और तहसील स्तर पर किसानों की बैठकें शुरू हो गई हैं। तराई किसान संगठन के अध्यक्ष तजिंदर सिंह विर्क ने कहा कि हर ब्लॉक से कम से कम पांच हजार किसानों के महापंचायत में पहुंचने का लक्ष्य रखा गया है। महापंचायत में संयुक्त किसान मोर्चा के राष्ट्रीय नेता राकेश टिकैत समेत हरियाणा और पंजाब के किसान नेता भी शिरकत कर सकते हैं।
शुक्रवार को कृषि उत्पादन मंडी समिति में किसानों की बैठक हुई। पड्डा ने बताया कि दोहराया कि जब तक केंद्र सरकार तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं लेती, आंदोलन जारी रहेगा। बताया कि महापंचायत में तराई और प्रदेश के अन्य जिलों से करीब 50 हजार से एक लाख तक किसानों के पहुंचने का लक्ष्य रखा गया है।
किसान नेता विर्क ने कहा कि महापंचायत की सफलता के लिए गांव-गांव जाकर किसानों से संपर्क किया जा रहा है। कहा कि किसान विरोधी कानून के खिलाफ सभी धर्म के किसानों को आगे आने की जरूरत है। महापंचायत में आने वाले किसानों के लिए लंगर की भी व्यवस्था की जाएगी। वहां जिलाध्यक्ष प्रेम सिंह सहोता, सुखचैन सिंह, साहब सिंह बिज्टी, गुरसाहब सिंह गिल, गुरसेवक सिंह महार, हरपाल सिंह, विपिन खोलिया, जसवंत सिंह आदि थे।
इधर, नानकमत्ता में गुरुद्वारा श्री नानकमत्ता साहिब के बाबा अलमस्त दीवान हॉल में भी किसान महापंचायत को सफल बनाने के लिए किसान नेताओं ने बैठक की। इसमें रणनीति बनाने के लिए 22 फरवरी को नानकमत्ता कृषि मंडी में कोर कमेटी की बैठक करने का निर्णय लिया गया। गोष्ठी की अध्यक्षता अखिल भारतीय किसान महासभा के जिलाध्यक्ष त्रिलोचन सिंह फौजी ने की। वहां किसान नेता करम सिंह पड्डा, तजिंदर सिंह विर्क, जस्सा सिंह, गुरसाहिब सिंह विर्क, जीवन सिंह, प्यारा सिंह, संतोष सिंह रंधावा, जगमीत सिंह आदि थे।