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मिल के दोषी अफसरों पर कार्रवाई के लिए डीएम ने भेजा रिमाइंडर

Thu, 07 Apr 2016 12:53 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, ऊधमसिंह नगर
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गदरपुर चीनी मिल के चल-अचल संपत्तियों के रिसीवर और जिला मजिस्ट्रेट अक्षत गुप्ता ने गदरपुर शुगर मिल के गोदाम से लाखों रुपये के चीनी के घोटाले में लिप्त मिल के पांच अफसरों पर सख्त कार्रवाई के लिए बुधवार को शासन को रिमांडर भेज दिया है। यह रिमाइंडर सचिव गन्ना एवं चीनी उद्योग विनोद शर्मा को भेजा गया है। 
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इसमें रिसीवर ने लिखा है कि दोषी अफसरों की जांच रिपोर्ट सौंपे जाने के बाद उन पर जल्द से जल्द कार्रवाई की जाए। अमर उजाला के 6 अप्रैल के अंक में ..गदरपुर में लाखों की चीनी डकार गए पांच अधिकारी... शीर्षक से प्रकाशित खबर के बाद जिला प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। यही कारण है कि इसमें डीएम अक्षत गुप्ता ने पहले जांच अधिकारी किच्छा शुगर मिल के अधिशासी निदेशक और एडीएम नजूल आशीष भटगई से पूरी जांच रिपोर्ट जो कि शासन को भेजी गई थी, उस पर चर्चा करने के बाद ही रिमाइंडर सचिव गन्ना को भेजा है। 

बता दें कि जो अधिकारी चीनी मिल घोटाले में दोषी पाए गए हैं उनमें मिल के प्रभारी चीफ केमिस्ट, गोदाम इंचार्ज, सुरक्षा अधिकारी सहित दो अन्य अधिकारी शामिल हैं। उधर इस मामले में डीएम अक्षत गुप्ता ने कहा कि जिले के अन्य चीनी मिलों में भी निरीक्षण किया जाएगा। ताकि इस तरह का घोटाला अन्य मिलों में नहीं हो सके। उन्होंने तत्काल किच्छा शुगर मिल के अधिशासी निदेशक आशीष भटगई को निर्देशित किया है कि अन्य मिलों में भी गोदामों सहित मिलों की संपत्तियों की भी जांच की जानी चाहिए। 
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वैरीफिकेशन के दौरान स्टाक ठीक था
रुद्रपुर। किच्छा शुगर मिल के अधिशासी निदेशक और गदरपुर शुगर मिल में घोटाले के जांच अधिकारी आशीष भटगई ने बताया कि मार्च 2015 में अक्टूबर में जब गदरपुर शुगर मिल के गोदाम में स्टाक की जांच की गई थी तो उस समय सब कुछ पूरी तरह से अपडेट था। अभिलेखों में भी स्टाक पूरी तरह ठीक पाया गया। 

गोदाम से उठान के दौरान हुई बंदरबांट
रुद्रपुर। मिल के जांच अधिकारी आशीष भटगई के अनुसार जब गोदाम से उठान का सितंबर 2015 में शुरू हुआ तो उसी दौरान चीनी की बोरियों में घोटाले का सिलसिला शुरू हुआ। उन्होंने बताया कि देहरादून मुख्यालय से चीनी के उठान की अनुमति जारी होती है, इसके बाद माल का उठान होता है। इसी दौरान जैसे-जैसे माल उठान होता रहा है वैसे ही बोरियों की गिनती ठीक ढंग से न करके इसमें गड़बड़झाला शुरू हो गया। 

गोदाम का स्टाक जांचा तो खुली पोल
रुद्रपुर। गदरपुर शुगर मिल में लाखों रुपये के चीनी के गबन के मामले की परतें तब खुली जब लंबे समय बाद देहरादून मुख्यालय ने गोदाम के स्टाक का रिकार्ड जांचा तो पता चला कि गोदाम से सैकड़ों चीनी की बोरियां गायब हैं। इसके बाद विभाग के आला अधिकारी सकते में आए और इसकी जांच बिठा दी। जांच में मिल के अफसरों की मिलीभगत की पोल खुल गई। 

दोषियों को सजा मिलनी चाहिए : पांडेय
रुद्रपुर। गदरपुर क्षेत्र के भाजपा विधायक अरविंद पांडेय ने चीनी मिल गोदाम में लाखों के घोटाले की खबर प्रकाशित होने के बाद उन्होंने कहा कि इस मामले में उन्होंने बुधवार को सबसे पहले फोन से मुख्य सचिव से बात की है। साथ ही इसकी लिखित सूचना भी वह मुख्य सचिव सहित राज्यपाल को भेज रहे हैं। उनका कहना है कि इसमें जो भी दोषी है उसे सजा मिलनी चाहिए। पांडेय ने कहा कि कांग्रेस घोटालों की सरकार थी, अब धीरे-धीरे उनके घोटाले उजागर होने लगे हैं। 
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