फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

‘निर्वाचित बनाम मनोनयन’ की लड़ाई में उलझी यूथ कांग्रेस

विज्ञापन
सुमित्तर भुल्लर। - फोटो : RUDRAPUR
विज्ञापन
तराई में सत्ता वापसी की मंशा पाले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पार्टी तो दूर युवा इकाई में जड़ जमा चुकी गुटबाजी को खत्म नहीं कर पा रहे हैं। यूथ कांग्रेस में ‘निर्वाचित बनाम मनोनयन’ की लड़ाई के बीच यूथ कांग्रेस के जिलाध्यक्ष अभिषेक शुक्ला ने इस्तीफा दे दिया है। माना जा रहा है कि निर्वाचित हुए विधानसभा अध्यक्षों को हटाने और केंद्रीय हाईकमान में भी सुनवाई नहीं होने पर शुक्ला ने राष्ट्रीय अध्यक्ष को इस्तीफा भेजा है। हालांकि अभिषेक ने इस्तीफे की वजह व्यक्तिगत कही है।
विज्ञापन

दरअसल यूथ कांग्रेस में पिछले साल गुटबाजी खुलकर सामने आई थी। यूथ कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष सुमित्तर भुल्लर ने संगठन के चुनाव में निर्वाचित होकर आए जिलाध्यक्ष और विधानसभा अध्यक्षों को विश्वास में लिए बिना नगर और ब्लॉक अध्यक्षों की नियुक्ति कर दी थी। खुद प्रदेश उपाध्यक्ष गुरप्रीत सिंह ने नियुक्तियों को कटघरे में खड़ा कर दिया था। यूथ कांग्रेस में हुए चुनाव के समय ही गुटबाजी शुरू हो गई थी। निर्वाचित होकर प्रदेश अध्यक्ष बने विक्रम रावत को किनारे कर दिया गया था। इसके बाद सुमित्तर भुल्लर को यूथ कांग्रेस का अध्यक्ष मनोनीत किया गया था।
इसके बाद से ही निर्वाचित बनाम मनोनयन की लड़ाई शुरू हो गई थी। संगठन चुनाव में तमाम मेहनत के बाद निर्वाचित हुए विक्रम गुट के पदाधिकारियों को किनारा करना शुरू कर दिया गया था। हाल में ही किच्छा में निर्वाचित विधानसभा अध्यक्ष को हटाकर नए अध्यक्ष की नियुक्ति कर दी गई थी। गदरपुर में निर्वाचित अध्यक्ष को हटाकर मंशा के खिलाफ जिले में पद दे दिया गया। बताया जा रहा है कि निर्वाचित पदाधिकारियों को पद से हटाने और मनमानी के खिलाफ अभिषेक शुक्ला ने सात विधानसभा अध्यक्षों के साथ कुछ महीने पहले दिल्ली में युकां राष्ट्रीय अध्यक्ष से मुलाकात की थी। इसके साथ ही कांग्रेस प्रदेश प्रभारी को भी अवगत कराया गया था। इसके बावजूद निर्वाचित पदाधिकारियों पर लगातार गाज गिराई जा रही है। इससे निराश होकर अभिषेक ने इस्तीफा देने में भलाई समझी।
विज्ञापन

मैंने व्यक्तिगत कारणों की वजह से इस्तीफा ई-मेल से राष्ट्रीय अध्यक्ष को भेजा है। वर्तमान में जो कुछ चल रहा है, वह संगठन की सेहत के लिए ठीक नहीं है। जो कार्यकर्ता निर्वाचित होकर पदों पर काबिज हुए हैं, उनका सम्मान बरकरार रहना चाहिए है। जब से निर्वाचित प्रदेश अध्यक्ष विक्रम रावत को पद से हटाया गया है, तभी से गुटबाजी बढ़ गई है। इसकी जानकारी कांग्रेस प्रदेश प्रभारी और युकां राष्ट्रीय अध्यक्ष तक पहुंचाई भी गई है। - अभिषेक शुक्ला, युकां जिलाध्यक्ष।
--
ऊधमसिंह नगर जिला अध्यक्ष के इस्तीफा देने की जानकारी है। किसी कार्यकर्ता को हटाया नहीं गया है बल्कि संगठन को क्रियाशील करने के लिए जिम्मेदारियां बदली जा रही हैं। चुनाव को देखते हुए संगठन हित में फैसले लिए जा रहे हैं। निर्वाचित होकर संगठन के पदों पर आना अच्छा है लेकिन जिस कार्यकर्ता की जहां जरूरत समझी जा रही है, उसे वहां जगह दी जा रही है। - सुमित्तर भुल्लर, प्रदेश अध्यक्ष, यूथ कांग्रेस।

अभिषेक शुक्ला।- फोटो : RUDRAPUR

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें