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धान खरीद : किसान यूनियनों में दोफाड़ 

Fri, 12 Oct 2018 12:06 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो  रुद्रपुर।
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रुद्रपुर गल्ला मंडी में आढ़तियों से वार्ता करते किसान। - फोटो : रुद्रपुर गल्ला मंडी में आढ़तियों से वार्ता करते किसान।
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धान खरीद को लेकर किसान संगठनों में टकराव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। जिला प्रशासन ने बृहस्पतिवार को भारतीय किसान यूनियन और राइस मिलर्स के साथ बैठक कर मानकों के अनुसार कटौती कर 25 प्रतिशत नमी वाले धान खरीद पर समझौता करवा दिया। जबकि, तराई किसान संगठन, भारतीय किसान संघ और अखिल भारतीय किसान सभा ने जिला प्रशासन के इस निर्णय का विरोध किया। किसानों ने आढ़तियों को धान नहीं बेचा। करीब 150 धान से लदी ट्रॉलियां गल्ला मंडी से लौट गईं। 

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न्यूनतम समर्थन मूल्य और अवैध कटौतियों के विरोध में आमरण अनशन पर बैठे किसान त्रिलोचन सिंह को बीते बुधवार को जूस पिलाकर प्रशासन ने उनका अनशन खत्म करवा दिया था। लेकिन बृहस्पतिवार को जिला प्रशासन ने कटौतियों को ही आधार बनाकर मानकों के अनुसार धान खरीद की शर्त पर समझौता करवा दिया। प्रशासन के इस निर्णय से किसान संगठनों में फूट पड़ गई। डीएम डॉ. नीरज खैरवाल ने कलक्ट्रेट सभागार में राइस मिलर्स और भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों के साथ वार्ता कर 25 प्रतिशत तक नमी वाले धान की खरीद पर समझौता करवा दिया। मानकों के हिसाब से 25 प्रतिशत नमी वाले धान की तौल में प्रति क्विंटल साढ़े 12 किलो धान की कटौती की जाएगी। 

तराई किसान संगठन के अध्यक्ष तजिंदर सिंह विर्क एवं भारतीय किसान संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष ठाकुर जगदीश सिंह ने जिला प्रशासन पर राइस मिलर्स के दबाव में निर्णय लेने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने किसानों के आर्थिक शोषण करने वाला समझौता कराया है। अखिल भारतीय किसान सभा के उपाध्यक्ष सुखदेव सिंह ने भी इस निर्णय का विरोध किया। जबकि, भारतीय किसान यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष करम सिंह पड्डा ने समझौते की शर्तों को मानते हुए कहा कि जिन किसानों को मानकों के अनुसार धान बेचने में दिक्कत हो रही है, वह सरकारी क्रय केंद्रों पर धान बेचें।
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पड्डा ने कहा कि सहकारी समितियों से पर्चियां मिलने के बाद वह अपना धान सीधे राइस मिलर्स को बेचेंगे। उधर, रुद्रपुर गल्ला मंडी में सुबह जब किसान धान बेचने पहुंचे तो उन्होंने आढ़तियों ने राइस मिलर्स की ओर से धान न खरीदे जाने की बात कही। इस पर किसान करीब 150 धान से लदी ट्रॉलियों के साथ लौट गए।

गल्ला मंडी में दिनभर सन्नाटा छाया रहा। रुद्रपुर राइस मिल एसोसिएशन के अध्यक्ष देवीशंकर अग्रवाल ने कहा कि मिलों में नमी वाला धान भी मानकों के अनुसार खरीदा जा रहा है। इस संबंध में जब डीएम और एडीएम जगदीश चंद्र के मोबाइल पर संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उनका फोन रिसीव नहीं हुआ। 

धान में नमी पर मानकों के अनुसार कटौती होगी : डीएम
रुद्रपुर। कलक्ट्रेट सभागार में बृहस्पतिवार को डीएम ने किसानों, राइस मिलर्स व मंडी के अधिकारियों की बैठक ली। डीएम नीरज खैरवाल ने कहा कि किसान, राइस मिलर्स व मंडी के अधिकारी आपस में सामंजस्य बनाकर कार्य करें, ताकि धान अधिक मात्रा में क्रय किया जा सके। डीएम ने कहा धान खरीद व धान स्टोरेज करने में जो परेशानी आ रही है तो संबंधित एसडीएम व मंडी समिति के जीएम बीएस चलाल क्रय केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्था बनाए। किसी भी अधिकारी के खिलाफ शिकायत मिलने पर संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने किसानों से कहा कि धान में नमी को देखते हुए मानकों के अनुसार कटौती की जाएगी। इस दौरान मंडी निदेशक धीराज सिंह गर्ब्याल, जीएम बीएस चलाल, जिला पूर्ति अधिकारी श्याम आर्य, रुद्रपुर मिल एसोसिएशन राइस मिल एसोसिएशन अध्यक्ष देवीशंकर अग्रवाल आदि थे। ब्यूरो


धान खरीद पर इस तरह होंगी कटौती
धान की नमी              कटौती 
18 प्रतिशत               दो किलो 
19 प्रतिशत               साढ़े तीन किलो  
20 प्रतिशत               पांच किलो 
21 प्रतिशत               साढ़े छह किलो  
22 प्रतिशत               आठ किलो  
23 प्रतिशत               साढ़े नौ किलो 
24 प्रतिशत               11 किलो 
25 प्रतिशत               साढ़े 12 किलो 

धान खरीद केंद्रों पर पसरा सन्नाटा
खटीमा। सहकारी धान क्रय केंद्रों पर धान की आवक नहीं होने से खरीद ठप पड़ी हुई है। बृहस्पतिवार को क्षेत्र के सभी 46 क्रय केंद्रों पर सन्नाटा पसरा रहा। मंडी परिसर में चल रहे एसएमआई और तराई विकास संघ के क्रय केंद्रों पर आवक के अभाव में कांटा तक नहीं लगाया गया है। मार्केटिंग विभाग के खरीद प्रभारी ललित ओली ने बताया कि अभी धान में नमी आ रही है। मार्केटिंग के खरीद प्रभारी ओली ने बताया कि इस बार खुले बाजार में किसानों को अच्छा रेट मिल रहा है। जानकारों की मानें तो आढ़ती और बिचौलियों की ओर से किसानों को 1600 से 1650 रुपये प्रति क्विंटल रेट दिया जा रहा है। ब्यूरो 

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