सितारगंज/शक्तिफार्म। पहाड़ी व मैदानी इलाकों में लगातार भारी बारिश से सितारगंज और शक्तिफार्म क्षेत्र में भारी तबाही मच गई। बैगुल नदी और अन्य बरसाती नाले जबरदस्त उफान पर हैं। नदी का पानी बैकुंठपुर और अरविंदनगर ग्रामसभा के नौ नंबर, आठ नंबर एवं सात नंबर गांव में करीब चार से पांच फुट तक पानी घुसने से बाढ़ की स्थिति पैदा हो गई है। इन गांवों के 300 घर जलमग्न हैं। प्रशासनिक अधिकारियों ने बचाव दल के साथ मौके पर पहुंचकर अरविंदनगर के 70 प्रभावित परिवारों के 300 लोगों को झाड़ी नौ नंबर गांव के उच्च प्राथमिक विद्यालय, झाड़ी प्राथमिक विद्यालय और झाड़खंडेश्वर मंदिर में बनाए गए राहत शिविर में पहुंचाया गया है। एसडीआरएफ के 34 जवानों की टीम ने बाढ़ से घिरे कई परिवारों को नाव के जरिये रेस्क्यू किया। अरविंदनगर, रूदपुर, बैकुंठपुर, गुरुग्राम, बसगर, तिलियापुर, देवनगर, निर्मलनगर, राजनगर, सुरेंद्रनगर गांव की सैकड़ों एकड़ में धान व गन्ने की फसल पूरी तरह जलमग्न है। कई गांवों में सड़कों के ऊपर से पानी बह रहा है। बैगुल नदी पर बने पुल के ऊपर से पानी बहने के कारण करीब दो घंटे तक आवाजाही प्रभावित रही।
अनाज नष्ट, फसलें भी हुईं बर्बाद
सितारगंज/शक्तिफार्म। कटना नदी का जलस्तर बढ़ने से बैकुंठपुर के 50 घरों में पानी घुसने से अनाज सहित सामग्री नष्ट हो गई। सिंचाई विभाग के एई नारायण राम और जेई चिरंजीवी लाल ने जेसीबी की मदद से नहर की सफाई कर जल निकासी की व्यवस्था कराई। बाढ़ के पानी से अरविंदनगर, निर्मलनगर, बैकुंठपुर, गुरुग्राम, रुदपुर, बसगर, तिलियापुर, सुरेंद्रनगर आदि गांव में सैकड़ों एकड़ धान और गन्ने की फसल पूरी तरह जलमग्न है। कैलाश नदी से उकरौली, साधूनगर, कैलाशपुरी, आदि गांवों में भूमि कटाव जारी है। साधूनगर में तो डेढ़ दर्जन किसानों की धान, मूंगफली व सोयाबीन आदि की फसलें नदी के भारी कटाव से पूरी तरह चौपट हो गई हैं। खेतों में गहरे-गहरे गड्ढे हो गए हैं। ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को पत्र भेजकर मुआवजा देने और नदी के कटाव से निजात दिलाने की मांग की।
एडीएम ने जाना हाल
शक्तिफार्म। एडीएम जय भारत सिंह ने बाढ़ प्रभावित अरविंदनगर का दौरा कर लोगों का हाल-चाल जाना। उन्होंने लोगों को जल्द राहत पहुंचाने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि एसडीआरएफ ने करीब डेढ़ सौ लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है। पीड़ितों का आकलन कर उन्हें मुआवजा राशि आवंटित की जाएगी।
भूकटाव से दर्जनों एकड़ जमीन नदी में समाई
शक्तिफार्म। उफनाई बैगुल नदी ने रूदपुर से लेकर अरविंदनगर तक तबाही मचाई है। रूदपुर के ठाकुरनगर गांव में कटाव से कई काश्तकारों की जमीन नदी में समा गई है। निर्मल नगर में सत्यरंजन विश्वास, सुधांशु विश्वास, कृष्णपद विश्वास और सपन विश्वास की चार एकड़, साधन हलदर की दो एकड़ और रवि जोरदार और ब्रजेन जोरदार की चार एकड़ जमीन सोयाबीन और गन्ने की फसल सहित नदी में समा गई। सुरेंद्र नगर में नदी ने काश्तकारों की जमीनों को अपनी आगोश में लिया है।
बैगुल पुल के पास तटबंध टूटने से बमनपुरी गांव में घुसा पानी
सितारगंज। बैगुल पुल के पास तटबंध टूटने से बमनपुरी गांव में कई घरों पानी घुस गया। इससे घरों में रखा अनाज भीगकर नष्ट हो गया और अन्य घरेलू सामान भी खराब हो गया। बुधवार सुबह बारिश थमने के बाद धीरे-धीरे घरों में जमा पानी निकल गया। नगर के किच्छा मार्ग, खटीमा मार्ग और जेलकैंप मार्ग पर भी दो दो फुट तक भरने से रात को लोगों को परेशानी हुई। एसडीएम कार्यालय परिसर में जलभराव से भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। इधर भगवती स्टोन क्रशर में पानी घुसने से कंप्यूटर, यूपीएस, मोटर पावर रूम एवं जरूरी कागजात खराब हो गए हैं।