काशीपुर में प्रवचन देते संत उमाकांत महाराज जी।
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काशीपुर। जयगुरुदेव धाम विकास संस्था उज्जैन मध्य प्रदेश की ओर से मंगलवार को चैती मैदान में विशाल सत्संग का आयोजन किया गया। सत्संग में ऊधमसिंह नगर के अलावा पड़ोसी राज्यों के श्रद्धालु भी शामिल रहे। सत्संग में संत उमाकांत जी महाराज ने कहा कि निरोगी शरीर में ही सद्गुरु वास करते हैं।
संत उमाकांत जी महाराज ने कहा कि खानपान, रहन-सहन और अच्छी संगत से ही सद्गुरु मिलते हैं। मौसम, पेड़ पौधे, पशु पक्षी, मनुष्य सब ईश्वर की देन है। शरीर को स्वस्थ रखने के लिए शाकाहारी भोजन करना चाहिए। कर्मों से ही जीवन में सद्गुरु के दर्शन होते हैं और यश मिलता है। शरीर के अंदर जीव आत्मा होती है जो शरीर को चलाती है।
उन्होंने संत कबीर दास और बाबा नानक जी के जीवन पर प्रकाश डाल कर कहा कि यह दिव्य आत्माएं थीं जिनके दर्शन से ही मनुष्य धन्य हो जाता था। उन्होंने कहा कि नाम दान का तभी महत्व है जब गुरु के वचनों का आचरण कर सकें। डॉ. राम सिंह, कुलदीप, प्रेमपाल, हरि सिंह, महिपाल, भारत गहलौत, महेश रमा, पूनम, लक्ष्मी, प्रभा आदि ने सहयोग किया। (संवाद)
काशीपुर चैती मैदान में सत्संग सुनते लोग।- फोटो : KASHIPUR