इंद्रा बंगाली कालोनी निवासी मासूम अंकित की हत्या उसके पिता की कैटरिंग में काम करने वाले दो कर्मचारियों ने अपने दो दोस्तों की सहायता से कर दी। अंकित को अगवा करने के बाद अपहरणकर्ताओं ने उसके पिता से चालीस लाख की फिरौती की भी मांग की। अंकित के पिता अपहरणकर्ताओं तक पैसे पहुंचाते इससे पहले ही आरोपियों ने गला घोट कर अंकित की हत्या कर दी। पुलिस ने बिलासपुर की भाखड़ा नहर से मासूम का शव बरामद करने के बाद हत्या में लिप्त चार आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया है।
बुधवार शाम करीब चार बजे इंद्रा बंगाली कालोनी निवासी सुनील का पांच वर्षीय बेटा अंकित घर के बाहर खेल रहा था। करीब सात बजे बाइक सवार युवक ने अंकित का अपहरण कर लिया। सूचना मिलने पर एसएसपी सेंथिल अबुदई ने चार टीमों का गठन कर अंकित की तलाश शुरू करवा दी। पिता सुनील के अनुसार करीब सात बजे उन्हें फोन कर किसी व्यक्ति ने बताया कि उसने अंकित को अगवा किया है अगर बच्चा सही सलामत चाहिए तो चालीस लाख की रकम लेकर बिलासपुर गेट पर पहुंच जाओ। सुनील अपहरणकर्ताओं तक रकम पहुंचाते इससे पहले ही उन्होंने एक घंटे के भीतर अंकित को गला दबाकर मार डाला।
मामले का खुलासा करते हुए एसएसपी सेंथिल अबुदई ने बताया कि कैटरिंग का काम करने वाले सुनील के यहां बिलासपुर के टिंकू और कृष्णा हेल्पर थे। घटना के दो दिन पहले ही सुनील ने दोनों का हिसाब किया था, इसके बाद दोनों चले गए। बुधवार शाम करीब सवा चार बजे कृष्णा और टिंकू मासूम अंकित को बिस्कुट और नमकीन खिलाने के बहाने उसके घर से ले गए। कुछ दूर जाकर बिलासपुर के ही रहने वाले अपने दोस्तों भरपूर सिंह और सोनू के साथ बाइक पर बैठाकर उसे बिलासपुर भेज दिया।
शाम को अंकित के पिता को फिरौती के लिए फोन करने के बाद जब उन्हें जानकारी मिली कि सुनील को उनके द्वारा अंकित का अपहरण करने का पता चल गया है तो उन्होंने बिलासपुर चौराहे से दो किलोमीटर आगे जाकर गला दबाने के बाद अंकित की हत्या कर दी। उन्होंने उसके शव को नहर में फेंक दिया। हत्या में लिप्त चारों आरोपियों के साथ ही अंकित को ले जाने के लिए प्रयोग की गई बाइक भी पुलिस ने बरामद कर ली है। अब आरोपियों का आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है।
अंकित को मिठाई बनाना सिखाई का दिया लालच
मासूम अंकित को मिठाई बनाना सिखाने का लालच देकर दोनों कारीगरों ने उसको अगवा किया था। अंकित के पिता सुनील का कैटरिंग का कारोबार है। शादी विवाहों के दर्जनों आर्डर उनके पास आते हैं। काम अधिक होने पर सुनील घर पर भी मिठाइयां तैयार करतेे हैं। इस दौरान कारीगरों को रात में रुकने के लिए वे अपने घर में ही कमरा भी देते हैं। टिंकू और कृष्णा भी अक्सर घर पर रुका करते थे। उन्हें मिठाइयां बनाता देख अंकित ने भी मिठाई बनाना सीखने की इच्छा जताई। बुधवार को भी कृष्णा ने अंकित को मिठाई बनाना सिखाने का लालच देकर टिंकू के साथ बाइक पर भेजा था।
सीसीटीवी फुटेज में पहचाने गए कृष्णा और टिंकू
मासूम अंकित के अपहरण के बाद जब पुलिस ने अंकित के घर के पास स्थित कृष्णा इंटर कालेज के सीसीटीवी फुटेज चेक की तो उसमें स्पष्ट दिखा कि टिंकू बाइक पर सवार होकर स्कूल के बाहर आया और कृष्णा अंकित को उसके घर से लेकर पहुंचा। उसने टिंकू के साथ बाइक पर अंकित को बैठाकर रवाना कर दिया। दोनों की तस्दीक होने के बाद पुलिस ने उनकी धरपकड़ तेज करते हुए उनके मोबाइल को भी सर्विलांस में लगा दिया। फोन की लोकेशन बिलासपुर में मिलने के बाद ही पुलिस दोनों आरोपियों तक पहुंची और उनकी निशानदेही पर दो अन्य आरोपियों को भी पकड़ लिया।
15 दिन के भीतर पुलिस कर देगी चार्जशीट दाखिल
मासूम अंकित की अपहरण के बाद हत्या करने के मामले में लोगों के जनाआक्रोश को देखते हुए पुलिस ने 15 दिन के भीतर ही आरोपियों की चार्जसीट कोर्ट में दाखिल करने का निर्णय लिया है। एसएसपी सेंथिल अबुदई ने बताया कि मृतक अंकित की हत्या के मामले को गंभीरता से लेते हुए प्रयास किया जा रहा है कि 15 दिनों के भीतर ही आरोपियों की चार्ज सीट कोर्ट में दाखिल कर दी जाए, जिससे जल्द से जल्द उन्हें सजा मिल सके।
अंकित की मौत पर राजनीतिक दल भी हुए एक
मासूम अंकित की अपहरण के बाद हत्या के मामले में जहां उसके परिजन गमगीन थे, वहीं शहर के लोग भी खुद के दर्द को रोक नहीं सके। मासूम की हत्या की सूचना मिलने पर राजनीतिक दलों ने भी एक स्वर में हत्यारों को फांसी देने की मांग उठाई। भाजपा विधायक राजकुमार ठुकराल और वरिष्ठ कांग्रेसी पूर्व मंत्री तिलकराज बेहड़ के नेतृत्व में सैकड़ों लोग जुलूस की शक्ल में कोतवाली पहुंचे और धरना प्रदर्शन शुरु कर दिया। एसएसपी सेंथिल अबुदई द्वारा आक्रोशित लोगों को आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का आश्वासन देने पर लोग शांत हुए। भारी भीड़ को देखते हुए कोतवाली में पीएसी के साथ ही क्विक एक्शन टीम को भी तैनात किया गया। जुलूस में कांग्रेस महानगर अध्यक्ष जगदीश तनेजा, भाजपा जिलाध्यक्ष शिव अरोरा, व्यापार मंडल महामंत्री हरीश अरोरा, सुशील गाबा, संजय ठुकराल, संजय आइस, संदीप अनेजा, जावेद अख्तर, सुमित छावड़ा, गोविंद अरोरा आदि मौजूद रहे।
सुनील को पैसे मिलने की जानकारी पर बनाई अपहरण की योजना
मासूम अंकित की हत्या के मामले में टिंकू और कृष्णा को कुछ दिन पहले जानकारी मिली थी कि मृतक अंकित के पिता को उनके कस्टमर द्वारा एक लाख चालीस हजार की रकम दी जानी है और उसी रकम को हड़पने के लिए उन्होंने अंकित का अपहरण करने की योजना बना डाली। जब उन्हें अंकित को अगवा करने में कामयाबी मिल गई तो उनके हौसले और बढ़ गए। उन्होंने लालच में आकर फिरौती की रकम को चालीस लाख कर दिया।