अपर जिला मजिस्ट्रेट वित्त एवं राजस्व दीप्ति वैश्य की अदालत ने धारा 51 एवं खाद्य सुरक्षा अधिनियम 2006 के तहत रुद्रपुर के पांच सितारा होटल रेडीसन ब्लू को दोषी पाया है। साथ ही होटल को आयल सप्लाई करने वाली कंपनी वंजी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड को चार लाख रुपये और तेल एजेंट अरोरा एजेंसी को एक लाख रुपये का अर्थदंड लगाया गया है।
अमर उजाला के 16 जून के अंक में रेडीसन ब्लू होटल में सैंपल फेल होने की खबर को प्रमुखता से उठाया था। इसके बाद जिला प्रशासन हरकत में आया और जांच शुरू की। जांच में विपक्षी द्वारा खाद्य सुरक्षा एवं मानक विनियम 2.2.1 (14) एवं 2.2.1 (16) और खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 की धारा 3 (1) जेड एक्स का उल्लंघन पाया गया, जो अधिनियम की धारा 51 के अंतर्गत जुर्माने का उत्तरदायी है। जांच में यह भी पाया गया कि खाद्य सुरक्षा मानक विनियम 2011 के विनियम 2.2.1 (16) का भी उल्लंघन हुआ है। रेफरल फूड लैब पूना की रिपोर्ट के मुताबिक प्रश्नगत सोयाबीन रिफाइंड आयल ने साबुनिकरण मान 166.22 पाई गई। जो कि निर्धारित मानक 189.0-195.0 से कम था तथा आयोडिन वैल्यू 109.04 पाया गया। जो निर्धारित मानक 120.0 से 141.0 से कम था। इन्हीं बिंदुओं पर अपर जिला मजिस्ट्रेट वित्त एवं राजस्व दीप्ति वैश्य की अदालत ने रेडीसन ब्लू होटल पर तीन लाख रुपये और तेल निर्माता कंपनी वंजी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड पर चार लाख रुपये और रुद्रपुर मीरा मार्ग स्थित सप्लायर अरोरा एजेंसी पर एक लाख रुपये का अर्थदंड आरोपित किया है। अदालत ने विपक्षी गणों को निर्देशित किया है कि उक्त आरोपित अर्थदंड की धनराशि को आदेश जारी होने की तिथि से एक माह के अंतर्गत निर्णयक अधिकारी/अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व ऊधमसिंहनगर के पदनाम से बैंक ड्राप्ट के माध्यम से जमा कराना होगा। अन्यथा आवश्यक कार्रवाई होगी।