एनएच घोटाले में भूमि की बैकडेट में 143 कराकर करोड़ों का मुआवजा डकारने के बाद कनाडा में बसने वाले चार काश्तकार काशीपुर और जसपुर तहसील के हैं। जसपुर तहसील में मां-बेटे ने और काशीपुर तहसील में दो सगे भाइयों ने 10-10 करोड़ का मुआवजा लिया है। चारों किसानों के कनाडा में होने की पुष्टि होने के बाद अब एसआईटी उनके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने की कवायद में जुटी है।
भूमि मुआवजा घोटाले में गलत तरीके से करोड़ों का मुआवजा लेने के बाद फरार होने वाले आठ काश्तकारों के खिलाफ एसआईटी की ओर से जनवरी 2008 में गैर जमानती वारंट जारी किए गए थे। एसआईटी ने कुछ किसानों के विदेश में होने की आशंका जताई थी। अब अपनी जांच के अंतिम दौर में पहुंच चुकी एसआईटी आरोपी किसानों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल करने की तैयारी में है। एसआईटी को जानकारी मिली है कि जसपुर तहसील में 10 करोड़ का मुआवजा लेने वाले ग्राम लालपुर थाना कुंडा निवासी दलविंदर सिंह और उसकी मां बलजीत कौर कनाडा में बस गए हैं।
काशीपुर तहसील में भी 10 करोड़ का मुआवजा लेने वाले ग्राम गिन्नीखेड़ा थाना आईटीआई निवासी विक्रमजीत सिंह और उसका भाई मनदीप सिंह भी कनाडा में हैं। चारों किसानों के कनाडा में होने की पुष्टि के बाद एसआईटी उनके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने के लिए उनके पासपोर्ट और वीजा आदि की डिटेल जुटा रही है। चार अन्य काश्तकारों की धरपकड़ के प्रयास भी एसआईटी कर रही है।
दो माह पूर्व घर आए थे मां-बेटे
रुद्रपुर। 10 करोड़ का मुआवजा लेकर कनाडा में बसने वाला जसपुर निवासी दलविंदर सिंह दो माह पूर्व मां बलजीत कौर को लेकर अपने गांव लालपुर आया था। माना जा रहा है कि दलविंदर को एसआईटी की कार्रवाई की जानकारी मिल गई थी, जबकि एसआईटी को दोनों के जसपुर आने की भनक नहीं लग पाई थी।