काशीपुर में आम के बगीचे में जुआ खेलते लोग।
- फोटो : अमर उजाला
कोतवाली क्षेत्र में आम के बाग में जुएं के अड्डे धड़ल्ले से चल रहे हैं। युवा के साथ किशोर भी यहां अक्सर दांव लगाते देखे जाते हैं। सूरज ढलते ही यहां बागों में पीने और पिलाने का दौर शुरू हो जाता है। गौर करने वाली बात यह है कि पुलिस को इस बारे में कुछ पता ही नहीं है, एएसपी का कहना है कि मामले की जांच कराएंगे।
वार्ड दस की खड़कपुर देवीपुरा में दो आम के बाग हैं। एक बाग में सुबह से शाम तक लाखों रुपये का जुआ खेला जाता है। इसमें व्यक्ति नोटों की गड्डियां चौकड़ी के बीच में रखकर बाजी पर बाजी लगाते हैं। आसपास की कॉलोनियों के लोग बाइक और कारों से दांव लगाने पहुंचते हैं, जो कई ग्रुपों में लोग बाजी लगाते हैं। इसे देखने वालों का भी बगीचे में जमघट लगा रहता है। कई बार हार-जीत में इन लोगों के बीच गालीगलौज तक होने लगती है।
बात बढ़ने पर मारपीट तक हो जाती है। पुलिस के पास मामला जाने से पहले ही एक व्यक्ति इन मामलों को मौके पर ही रफा दफा करा देता है। सबसे अधिक रुपये जीतने वाला शाम ढलते ही साथियों को शराब पिलाता है। यह दोनों अवैध धंधे लंबे समय से चल रहे हैं। पुलिस ना तो गश्त करती है और ना ही इन पर प्रतिबंधित लगाने में कोई ठोस कदम उठा रही है।
जुआ और कच्ची शराब की बिक्री का मामला संज्ञान में नहीं है। पुलिस टीम को भेजकर कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
- डॉ. जगदीश चंद्र, एएसपी, काशीपुर।