सतनाम सिंह सोनू की पत्नी गुरविंदर कौर वर्ष-2014 में ज्येष्ठ ब्लाक प्रमुख का चुनाव जीतीं। राजनीति में कदम रखने के बाद सोनू मुख्यमंत्री हरीश रावत के भी करीबी हो गए। इसी के साथ अपनी ही पार्टी के नेताओं से उनकी दुश्मनी शुरू हो गई।
इस दौरान विरोधियों ने उनके खिलाफ राजनीतिक षडयंत्र के तहत सोनू पर कई मुकदमे दर्ज करा दिए। सात अप्रैल 2015 को पूर्व ग्राम प्रधान दलजीत सिंह ने 307 आईपीसी के तहत मुकदमा हुआ, हालांकि बाद में राजीनामा हो गया था।
इसके बाद 17 जून 2015 को हरप्रीत सिंह हैप्पी ने धारा 147, 148, 504, 506, 352 व 307 के तहत सोनू व सात अन्य लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया। ये मामला काफी हाईप्रोफाइल बना था और मुख्यमंत्री हरीश रावत को भी इस मामले में हस्तक्षेप करना पड़ा था, जो अभी कोर्ट में विचाराधीन है।
चुनाव से पूर्व जो लोग सतनाम सिंह सोनू के साथ थे और चुनाव जिताने में अहम भूमिका निभाई थी। चुनाव जीतने के बाद सोनू की उन लोगों से रंजिश हो गई थी। ब्यूरो