जिला अस्पताल से डीपी सिंह को ले जाती पुलिस
- फोटो : Amar Ujala
एनएच-74 भूमि मुआवजा घोटाले के मुख्य आरोपी डीपी सिंह को एसआईटी ने एक बार फिर पूछताछ के लिए रिमांड पर लिया है। रिमांड पर लेने के बाद ही डीपी के स्वास्थ में गिरावट आने से एसआईटी ने उसे अस्पताल में भर्ती कराया। मंगलवार को अस्पताल से छुट्टी के बाद भी डीपी की हालत में खास सुधार न होने से एसआईटी उससे कुछ विशेष पूछताछ नहीं कर सकी। हालांकि एसआईटी का दावा है कि डीपी ने एनएचएआई के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारियां दी हैं।
एनएच-74 भूमि मुआवजा घोटाले की जांच कर रही एसआईटी ने सोमवार शाम डीपी को दूसरी बार पुलिस रिमांड पर लिया, लेकिन देर रात डीपी का स्वास्थ खराब होने पर उसे जिला अस्पताल के निजी वार्ड में भर्ती कराया गया। जांच हुई तो डीपी का बीपी और शुगर भी बढ़ा पाया गया। रात भर डीपी को अस्पताल में रखने के बाद एसआईटी उसे मंगलवार करीब 11 बजे डिस्चार्ज करने के बाद सिडकुल चौकी पहुंची, लेकिन यहां कुछ देर बाद ही हवालात में डीपी का स्वास्थ्य बिगड़ने लगा। पुलिस कर्मियों ने उसे कुछ देर चौकी की छत पर धूप में भी बैठाया।
देर शाम एसआईटी डीपी से पूछताछ करने लगी तो कुछ देर की पूछताछ के बाद ही डीपी का स्वास्थ्य फिर बिगड़ने लगा तो उसे चौकी के एक कमरे में बंद कर दिया गया, जहां काफी देर तक डीपी कंबल ओढ़कर बैठा रहा। एसआईटी अफसरों के मुताबिक डीपी को दोबारा रिमांड पर लेने का मकसद उससे भूमि मुआवजा घोटाले में एनएचएआई की मिलीभगत के बारे में जानना था। मंगलवार की पूछताछ में काफी कुछ जानकारी जुटा भी ली गई हैं। बुधवार को भी डीपी से कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर पूछताछ की जाएगी।
ताली गांव के पांच काश्तकारों से पूछताछ
एनएच-74 भूमि मुआवजा घोटाले की जांच कर रही एसआइटी ने काशीपुर और जसपुर तहसील की जांच पूरी करने के बाद बाजपुर तहसील के ताली गांव के पांच काश्तकारों से पूछताछ की। सोमवार को भी ये काश्तकार अपने बयान दर्ज करने पहुंचे थे लेकिन बैंक खातों की डिटेल ना होने के कारण एसआईटी उनसे पूछताछ नहीं कर सकी। मंगलवार को बैंक खातों की डिटेल जांचने के साथ ही एसआईटी ने काश्तकारों से कई अहम जानकारी जुटाईं।