रुद्रपुर। एनएच-74 भूमि मुआवजा घोटाला मामले में एसआईटी ने शुक्रवार को सितारगंज तहसील के दो राजस्व कर्मियों और बाजपुर तहसील के दो वकीलों से पूछताछ कर उनके बयान दर्ज किए। एसआईटी को वकीलों की ओर से बैक डेट में भूमि की 143 कराए जाने की सूचना मिली थी।
एसआईटी को कुछ समय पूर्व सितारगंज तहसील के 6 आर रजिस्टर में बैक डेट के मामले दर्ज किए जाने के साक्ष्य मिले थे। जांच के लिए एसआईटी ने शुक्रवार को सितारगंज तहसील के दो राजस्व कर्मियों से पूछताछ कर उनके बयान दर्ज किए। आगे की जांच के लिए एसआईटी रजिस्टर में मिले हस्ताक्षरों को जांच के लिए एफएसएल भेजने की तैयारी कर रही है।
इधर, कुछ लोगों ने एसआईटी को बाजपुर क्षेत्र में कुछ वकीलों की ओर से भी किसानों की भूमि का बैक डेट में 143 कराए जाने की सूचना दी थी। इस पर एसआईटी ने बाजपुर के दो वकीलों से पूछताछ की। लेकिन, वकीलों का कहना था कि उनकी ओर से एनएच-74 के मामले में किसी भी तरह की जमीन का 143 नहीं कराया गया है।
कुछ समय पूर्व एक अधिवक्ता के किसान की भूमि का बैक डेट में 143 कराने के बाद उससे 40 लाख का कमीशन लेने का मामला भी एसआईटी जांच में उजागर हुआ था। इसकी जांच एसआईटी कर रही है। साथ ही किसानों के खिलाफ आरोप पत्र भी तैयार किया जा रहा है।