सात वर्ष पहले काशीपुर में हुई दहेज हत्या के मामले में कोर्ट ने मृतका के पति और ननद को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने दोनों पर दो-दो हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
दिल्ली के सी ब्लॉक जहांगीरपुरी निवासी बाबूलाल ने अपनी बेटी सोनिया की शादी बीते 28 नवंबर 2011 को महेशपुरा वाल्मीकि बस्ती काशीपुर निवासी अमित के साथ की थी। काशीपुर कोतवाली में वर्ष 2011 में दर्ज मुकदमे में बाबूलाल के रिश्ते के दामाद विनय ने कहा था कि शादी के बाद से ही ससुराली 50 हजार रुपये और बाइक की मांग को लेकर सोनिया को प्रताड़ित करने लगे थे। बीते पांच फरवरी 2011 को दहेज के लिए सोनिया की गला घोंटकर हत्या कर दी थी। मामले में अमित के साथ ही उसकी बहन माया के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया था।
मामले की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र विद्वान तृतीय की कोर्ट में चल रही थी। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश विवेक द्विवेदी ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अपराध को कठोर माना था। उन्होंने निर्णय सुनाते हुए अमित और माया को 10-10 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई। इसके अलावा कोर्ट ने दोनों पर दो-दो हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।