खटीमा। झनकट स्थित उलधन गांव निवासी अनीता देवी के मूंज घास के उत्पादों की उत्तराखंड के बाहर भी धूम है।
काजल महिला समूह की अध्यक्ष अनीता देवी ने बताया कि वह 20 सालों से मूूंज घास के उतपाद जैसे टोकरियां, पूजा की थाल, पैन स्टैंड, कोस्टर, रोटी बास्केट आदि बना रही हैं।
वह देहरादून के अलावा लखनऊ आदि जगह प्रतिवर्ष लगने वाली प्रदर्शनियों में अपने उत्पादों के स्टॉल लगाती हैं। मूंज घासों के उत्पादों के लिए देहरादून में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी उन्हें सम्मानित भी कर चुके हैं। वह बताती हैं कि मूंज घास के उत्पादों की काफी मांग रहती है।
यदि सही ऑर्डर मिले तो प्रतिमाह 50 हजार रुपये की आमदनी भी हो जाती है। वह बताती हैं कि काजल महिला समूह में उनके साथ 10 महिलाएं जुड़ी हैं। अधिक काम मिलने पर क्षेत्र की अन्य महिलाएं भी कार्य करती हैं।