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9 मिनट में 3 लाख 43 हजार की शॉपिंग

Tue, 24 Nov 2015 11:59 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो/ रुद्रपुर
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अगर आप इंटरनेट बैंकिंग का प्रयोग कर खरीददारी करते हैं तो बेहद सावधान रहे। सक्रिय ठग खाते में सेंधमारी कर पैसों से ऑनलाइन शॉपिंग कर रहे हैं। नामी कंपनी की डिप्टी मैनेजर के खाते से रकम उड़ाने वाले साइबर ठग ने महज 9 मिनट में ही 3 लाख 43 हजार 903 रुपयों से ऑनलाइन शॉपिंग की थी।
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यह शॉपिंग 7 ऑनलाइन कंपनियों से की गई। मैनेजर ने मेल भेजकर सभी कंपनियों को एकाउंट हैक होने की सूचना देकर कार्रवाई की मांग की है। पुलिस मामले में अज्ञात ठगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई के साथ ही कंपनियों से शॉपिंग कर सामान लेने वाले ठगों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
 सिडकुल की एक कंपनी की डिप्टी मैनेजर पंतनगर निवासी लखविंदर कौर के खाते में सेंधमारी कर साइबर ठगों ने इंटरनेट बैंकिंग से लाखों रुपये की शॉपिंग कर डाली। महिला के मोबाइल में 9 मिनट के भीतर एक के बाद एक आए एसएमएस से खाते से पैसे निकलने की जानकारी मिल सकी।
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जिसके बाद उसने पुलिस से मामले की मदद ली। जांच में पता चला कि ठगों ने सुनियोजित ढंग से 9 मिनट के भीतर ही 7 ऑनलाइन कंपनियों रेडिफ डॉट कॉम, साइबर प्लेस सोल्यूशन, सिटरस पे शॉप, स्नेपडील डॉट काम, सावेक्स कंप्यूटर्स, मिस्ट ट्रेड इन से खरीददारी की थी। इसके अलावा बिग बाजार गाजियाबाद से भी कुछ खरीददारी की गई है। ट्रांजिट कैंप पुलिस के पास मामला पहुंचा तो तत्काल पुलिस ने मैनेजर के ईमेल आईडी से सभी कंपनियों को एकाउंट हैक होने और उनके द्वारा किसी तरह की खरीददारी नहीं करने का मेल भेज दिया गया था।
एसओ सुशील कुमार ने बताया कि एसएसपी के निर्देश पर अज्ञात ठगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है। एक ऑनलाइन कंपनी रेडिफ डाट काम ने मैनेजर के खाते में 40 हजार रुपये लौटा दिए हैं। स्नेपडील डॉट काम से भी कार्रवाई करने का मेल मैनेजर की आईडी पर आया है।
एक कंपनी से दो बार खरीददारी की गई है। उन्होंने बताया कि ठगों ने जिस कंपनी में सामान आर्डर किया, उस कंपनी तक तो पैसा पहुंच चुका है, लेकिन डिलीवरी देने वाली कंपनियों तक पैसा नहीं जा सका है। जिसके चलते खाते से निकला पैसा वापस आने की संभावना है। उन्होंने बताया कि आर्डर देने के बाद कंपनी ने माल किसी पते पर तो माल डिलीवर किया होगा, उसका भी पता लगाया जा रहा है।
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