फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rudrapur Fraud News: इंग्लैंड की यूनिवर्सिटी में दाखिले के नाम पर हड़पे 20 लाख, तीन पर केस दर्ज

Mon, 19 Feb 2024 02:07 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, ऊधम सिंह नगर

सार

इंग्लैंड की बेडफोर्डशायर यूनिवर्सिटी में बेटे के दाखिले के नाम पर ट्रक मैकेनिक से 20 लाख रुपये ठग लिए। मैकेनिक के बेटे को फर्जी ऑफर लेटर पकड़ा दिया गया। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने बराड ओवरसीज संचालक दंपती सहित तीन आरोपियों पर केस दर्ज किया है।
 
विज्ञापन
cyber fraud - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

इंग्लैंड की बेडफोर्डशायर यूनिवर्सिटी में बेटे के दाखिले के नाम पर ट्रक मैकेनिक से 20 लाख रुपये ठग लिए। मैकेनिक के बेटे को फर्जी ऑफर लेटर पकड़ा दिया गया। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने बराड ओवरसीज संचालक दंपती सहित तीन आरोपियों पर केस दर्ज किया है।

विज्ञापन


मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट को दिए प्रार्थना पत्र में तलवंत सिंह निवासी निवासी गोविंदपुर कचनाल तहसील बिलासपुर जिला रामपुर ने कहा है कि वह पेशे से ट्रक मैकेनिक है और बिलासपुर में खुद का गैराज चलाता है। तलवंत बेटे लवप्रीत सिंह को उच्च शिक्षा के लिए इंग्लैंड भेजना चाहता था। उसने अगस्त 2021 में काशीपुर बाईपास रोड रुद्रपुर में स्थित बराड ओवरसीज के मालिक खुशवंत सिंह से संपर्क किया था। खुशवंत सिंह ने उनकी मुलाकात अपनी पत्नी किरनदीप कौर और ससुर मनमोहन सिंह से कराई।

ये पढ़ें- Swallow Bird: समय से पहले पहुंची विदेशी चिड़िया, गीली मिट्टी से बनाते है ऐसा घोंसला; देखने वाले रह जाते है दंग
विज्ञापन

 

विज्ञापन

तीनों ने बताया कि वे बेटे का दाखिला यूनिवर्सिटी ऑफ बेडफोर्डशायर में करा देंगे और इसके लिए खाता खुलवाने के साथ ही 23 लाख का खर्चा होगा। किरनदीप और मनमोहन ने एचडीएफसी बैंक बाजपुर में खाता खुलवाया। तलवंत ने कहा कि उसने बिलासपुर वाले खाते से बाजपुर वाले खाते में 12 लाख रुपये ट्रांसफर किए और तीन लाख रुपये तीनों को नकद दिए थे। इसके अलावा पांच लाख रुपये बताए गए नंबर पर ट्रांसफर कर दिए थे।

तीनों ने उनके बेटे लवप्रीत सिंह को यूनिवर्सिटी का ऑफर लेटर के साथ ही इंग्लैंड का वीजा और हवाई टिकट उपलब्ध कराई। 29 मार्च 2022 को लवप्रीत इंग्लैंड पहुंचा तो यूनिवर्सिटी ने ऑफर लेटर को कूटरचित और फर्जी बताया। जब उन्होंने तीनों से संपर्क किया तो फोन उठाना बंद कर दिया। उन्होंने एचडीएफसी बैंक बाजपुर से खाते की स्टेटमेंट निकलवाई तो पता चला कि मैनेजर के साथ मिलकर किरनदीप कौर और मनमोहन सिंह ने जालसाजी कर खाते में खुशवंत का मोबाइल नंबर दर्ज कराकर इंटरनेट बैंकिंग शुरू करा दी थी।

इस खाते से इंटरनेट बैंकिंग का प्रयोग कर 12 लाख रुपये निकाल दिए। तीनों लोगों ने बेटे को विदेश भेजने के नाम पर उसके साथ जालसाजी की और फर्जी दस्तावेज उपलब्ध कराए थे। उन्होंने रुद्रपुर कोतवाली के साथ ही एसएसपी को प्रार्थना पत्र दिए थे मगर कोई कार्रवाई नहीं की गई। पुलिस ने खुशवंत, किरनदीप कौर और मनमोहन सिंह के खिलाफ केस दर्ज किया है। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें