विकासखंडों से विकास कार्यों से संबंधित प्रस्ताव नहीं मांगने से गुस्साए ब्लाक प्रमुखों ने जिला योजना की बैठक में जमकर हंगामा काटा। प्रमुखों की किच्छा विधायक से तकरार भी हुई। प्रभारी मंत्री ने प्रस्तावों को उपलब्ध कराने की बात कहकर मामला शांत कराया। इधर समिति के नामित सदस्यों ने भी प्रस्ताव न लेने पर नाराजगी जताई।
सोमवार को कलक्ट्रेट में प्रभारी मंत्री प्रकाश पंत जिला योजना समिति की बैठक ले रहे थे। इसी बीच समिति के नामित सदस्यों ने विकास कार्यों का एक भी प्रस्ताव योजना में नहीं लेने पर आक्रोश जताया। उन्होंने यहां तक कहा कि जब प्रस्ताव ही नहीं लेने हैं तो उन्हें बैठक में बुलाने का औचित्य क्या है। इसके बाद रुद्रपुर ब्लाक प्रमुुख दलजीत सिंह ने कहा कि पहली बार जिला पंचायत की बैठक में जिले के सात ब्लाकों में से एक भी ब्लाक से विकास कार्यों के प्रस्ताव नहीं मांगे गए। ऐसा करके नई परंपरा डालने की कोशिश हो रही है।
दलजीत के साथ ही काशीपुर प्रमुख गुरमुख सिंह, खटीमा प्रमुख दान सिंह राणा सहित अन्य प्रमुख हंगामा करते हुए प्रभारी मंत्री के पास पहुंच गए और हंगामा करने लगे। प्रभारी मंत्री प्रमुखों को समझा ही रहे थे कि किच्छा विधायक राजेश शुक्ला ने यह कह दिया कि फोटो खिंचवाने को नाटक किया जा रहा है। सभी ब्लाकों को इस संबंध में पत्र भेजा गया था। इससे प्रमुखों का गुस्सा भड़क उठा। प्रभारी मंत्री पंत ने कहा कि प्रमुख अपने क्षेत्र के प्रस्तावों को उपलब्ध करा दें, उन पर विचार किया जाएगा। तब प्रमुख शांत हुए।