क्षेत्र में 17 अवैध कालोनियां बन रही हैं। इसका खुलासा एसडीएम एपी बाजपेयी
के छापे में हुआ है। एसडीएम ने अवैध कालोनियों का निर्माण रुकवा दिया और
कॉलोनाइजरों को काम न करने की सख्त हिदायत दी। एसडीएम ने बताया कि
कालोनाइजरों के खिलाफ नोटिस जारी किए जाएंगे।शनिवार को डीएम अक्षत गुप्ता के निर्देश पर एसडीएम एपी बाजपेयी ने राजस्व टीम के साथ क्षेत्र में निर्माणाधीन कालोनियों पर छापे मारे। इससे कालोनी बना रहे कॉलोनाइजरों में हड़कंप मच गया। एसडीएम ने बताया कि छापे के दौरान चौमेला गांव में वर्ग एक ‘क’ की 0.750 हेक्टेयर जमीन पर दो कॉलोनियां बनती मिलीं।
जहां 16 प्लाट भी बिके हुए पाए। बमनपुरी में निर्माणाधीन वर्ग एक ‘ख’ की 0.462 हेक्टेर भूमि पर बन रही कालोनी में 15 प्लाट, सितारगंज में वर्ग एक ‘क’ की जमीन के खाता 316 रकवा 1.481 हेक्टेयर में 24 प्लाट, सिसौना में वर्ग एक ‘क’ के खाता 906 व 914 रकवा 0.478 व 0.329 हेक्टेयर में 20 प्लाट, 143/1/4 रकवा 0.253 हेक्टेयर में चार प्लाट, खाता 1449/1 रकवा 0.310 हेक्टेयर में 10 प्लाट, खाता 1454/1 रकवा 0.162 हेक्टेयर में सात प्लाट, खाता 745/746 रकवा 0.449 व 0.240 हेक्टेयर कालोनी में 13 प्लाट बिके हुए मिले।
इसके अलावा रम्पुरा में खाता 319 रकबा 1.035 हेक्टेयर में 12 प्लाट, भिटौरा गांव के खाता 202/204 रकबा 0.308 व 0.313 हेक्टेयर में 15 प्लाट एवं नानकमत्ता के खाता 404/1 रकवा 0.245 हेक्टेयर, खाता 404/2 रकबा 0.490 हेक्टेयर, खाता 407 रकबा 0.746 हेक्टेयर, खाता 378/379 रकवा 0.200 एवं 0.683 हेक्टेयर एवं खाता 661 रकबा 0.202 में कालोनी का निर्माण पाया गया। बताया कि ये सभी कालोनियां अकृषि भूमि पर बनाई जा रही हैं।
जिनका न तो नक्शा पास किया गया और न ही कॉलोनी काटने की कोई वैधानिक अनुमति ली गई है। जिस कारण कालोनियों का निर्माण रकबा दिया गया है। बताया कि कॉलोनाइजरों के खिलाफ नोटिस जारी किए जाएंगे। टीम में तहसीलदार रमेश चंद्र गौतम, कानूनगो जोगा सिंह आदि थे।