पखवाड़ा भर पहले बैगुल नदी का तटबंध टूटने से प्रभावित झाड़ी गांव के 150 परिवारों को मुआवजा नहीं मिल सका। इससे आक्रोशित पीड़ित परिवारों ने तहसील में मुआवजे की मांग को लेकर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। तहसीलदार आरसी गौतम ने पुन: सर्वे कराकर वंचित पीड़ितों को मुआवजा देने का आश्वासन दिया।
सोमवार को झाड़ी नौ नंबर गांव के लोगों ने तहसील में मुआवजे की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। कहा कि बीती 16 जुलाई को बैगुल नदी के उफनाने से नदी का तटबंध धराशायी हो गया था। जिससे झाड़ी नंबर सात, आठ और नौ गांव के 260 घरों में पानी घुस गया था। कहा कि प्रशासन की ओर से गांव के 86 लोगों को पांच-पांच हजार रुपये की तत्काल सहायता राशि बांटी गई है। लेकिन शेष परिवार अभी भी मुआवजे से वंचित हैं।
उन्होंने तहसीलदार आरसी गौतम से वंचित बाढ़ पीड़ित परिवारों को शीघ्र ही मुआवजा दिए जाने की मांग की। मुआवजा नहीं देने पर आंदोलन की चेतावनी दी। तहसीलदार ने पुन: सर्वे कराकर वंचित परिवारों को मुआवजा देने का भरोसा दिलाया। वहां प्रशांत विश्वास, रविंद्र सरकार, निहिर गाईन, प्रहलाद गाईन, लिपि विश्वास, मनोज विश्वास, विरेंद्र सिकदार आदि थे।