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Udham Singh Nagar News: दो बैंक के एक-एक खाते में साइबर ठगी की 101 शिकायतें दर्ज

Thu, 09 Apr 2026 12:57 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
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काशीपुर। दो बैंक की शाखा के एक-एक खाते में साइबर ठगी की 101 शिकायतों से जुड़े होने के मामले में प्रकाश में आए हैं। पुलिस ने इस मामले में बैंक कर्मियों की मिलीभगत की आशंका भी जताते हुए प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
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एसएसआई कोतवाली काशीपुर नवीन बुधानी ने प्राथमिकी दर्ज कराते हुए बताया कि साइबर सेल से प्राप्त रिपोर्ट में अंकित बैंक खाते को एनसीआरपी पोर्टल पर सर्च करने पर खाता संख्या अलग-अलग राज्यों के विभिन्न थानों में 68 शिकायतों में सम्मिलित होना प्रकाश में आया है।
एसएसआई ने बताया कि उक्त डिटेल के आधार पर प्रथम दृष्टया खाता एक्सिस बैंक के खाताधारक अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर विवेचना की जा रही है।
कुंडा कोतवाली की सूर्या पुलिस चौकी के एसआई गणेश दत्त भट्ट ने प्राथमिकी दर्ज कराई है। बताया कि साइबर सेल से प्राप्त रिपोर्ट में अंकित बैंक खाते को एनसीआरपी पोर्टल पर सर्च करने पर खाता संख्या अलग-अलग राज्यों के विभिन्न थानों में दर्ज कुल 33 शिकायतों में सम्मिलित होना प्रकाश में आया है। बताया कि उक्त डिटेल के आधार पर प्रथम दृष्टया खाता बैंक ऑफ बड़ौदा शाखा हरियावाला चौक काशीपुर के खाताधारक अज्ञात के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत कर विवेचना की जा रही है।
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फर्जी सिम और म्यूल अकाउंट गैंग पर शिकंजा... 24 पर प्राथमिकी,
यूएस नगर पुलिस ने ऑपरेशन साइबर प्रहार के तहत की कार्रवाई, पांच हिरासत में लिए
रुद्रपुर/जसपुर। ऊधमसिंह नगर पुलिस ने ऑपरेशन साइबर प्रहार शुरू कर दिया है। अभियान के तहत फर्जी सिम और म्यूल अकाउंट गैंग पर शिकंजा कसा है। 24 घंटे में पुलिस ने न केवल 24 अभियुक्तों पर प्राथमिकी की है, बल्कि पांच अभियुक्तों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
तराई में बढ़ते साइबर ठगी के मामलों को रोकने के लिए ऑपरेशन साइबर प्रहार चलाया जा रहा है। पुलिस विभिन्न थाना क्षेत्रों में संभावित ठिकानों पर लगातार छापा मार रही है। साइबर सेल की मदद से अंतरराज्यीय नेटवर्क की भी जांच की जा रही है। पुलिस जांच में सामने आया है कि साइबर अपराधी फर्जी सिम कार्ड के माध्यम से बैंक खातों (म्यूल अकाउंट्स) का संचालन करते हैं और ठगी की रकम को कई खातों में ट्रांसफर कर देते हैं। जिससे अपराध की जांच जटिल हो जाती है। ऐसे मामलों में अब तक सैकड़ों संदिग्ध खातों की पहचान की जा चुकी है, जिनमें से कई को फ्रीज करने की प्रक्रिया जारी है। यह अभियान रुद्रपुर, काशीपुर, बाजपुर, गदरपुर, जसपुर, किच्छा, नानकमत्ता और दिनेशपुर समेत कई थाना क्षेत्रों में एक साथ संचालित किया जा रहा है। ताकि साइबर अपराध से जुड़े गिरोहों को चिह्नित कर उनके पूरे नेटवर्क को खत्म किया जा सके।
चारधाम यात्रा में होने वाली ठगी पर नजर
चारधाम यात्रा को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने विशेष सतर्कता बरतनी शुरू कर दी है। हेली बुकिंग फ्रॉड, फर्जी वेबसाइट, कॉल सेंटर स्कैम और पेंशन फ्रॉड जैसे मामलों पर शिकंजा कसने के लिए विशेष रणनीति लागू की है, ताकि श्रद्धालुओं को ऑनलाइन ठगी से बचाया जा सके।

100 से अधिक म्यूल अकाउंट्स चिह्नित
नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए की जा रही है जांच में अब तक 100 से अधिक संदिग्ध म्यूल अकाउंट्स चिह्नित किए जा चुके हैं जिनमें से कई खातों को फ्रीज कराने की कार्रवाई की जा रही है और व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच जारी है।

- साइबर ठगी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। म्यूल अकाउंट उपलब्ध कराने वाले और फर्जी सिम के जरिए ठगी करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है। लोगों से अपील है कि किसी भी ऑनलाइन सेवा के लिए केवल अधिकृत वेबसाइट का ही उपयोग करें और अनजान लिंक, कॉल या मैसेज से सावधान रहें। - अजय गणपति, एसएसपी

साइबर फ्रॉड के लिए इस्तेमाल जसपुर के म्यूल अकाउंट पर पुलिस की नजर

- बीओबी के छह संदिग्ध अकाउंट के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच में जुटी है पुलिस
जसपुर। साइबर फ्रॉड के लिए इस्तेमाल किए गए म्यूल अकाउंट अब पुलिस की नजर में हैं। प्रथम दृष्टया पुलिस ने ऐसे छह अकाउंट के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की है।
रुद्रपुर के साइबर सेल ने जसपुर के एसएसआई जावेद मलिक को कई म्यूल अकाउंट की जांच सौंपी थी। जांच में पुलिस को जसपुर के बैंक ऑफ बड़ौदा के छह अकाउंट संदिग्ध मिले। इन अकाउंट के खिलाफ विभिन्न राज्यों में 30 शिकायतें दर्ज हैं। इनमें 25 लाख रुपये का ट्रांजेक्शन कर पीड़ितों से साइबर धोखाधड़ी की गई।
एसएसआई ने बताया कि प्रथम दृष्टया जांच में संकेत मिले हैं कि इन अकाउंट का वास्तविक उद्देश्य बैंकिंग के लिए नहीं था। बल्कि साइबर धोखाधड़ी की आय प्राप्त करने के लिए संचालित किए गए थे। पुलिस ने दावा किया कि इस मामले में बैंक अधिकारियों की भूमिका से भी इंकार नहीं किया जा सकता है। इसकी जांच की जा रही है।
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एसपी स्वप्न किशोर सिंह ने बताया कि समय-समय पर लोगों को जागरूक भी किया जाता है कि वह अपना अकाउंट किसी भी अंजान व्यक्ति के साथ शेयर नहीं करें।
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