कोरोना महामारी में संक्रमित मरीजों का उपचार और अन्य व्यवस्था जुटाने में लगा जिले का स्वास्थ्य विभाग खुद ही बीमार हो गया, जिससे कोरोना संक्रमितों की जांच से लेकर कोविड केयर सेंटर और अन्य अस्पतालों में व्यवस्था बनाने में खासी दिक्कतें आ रही है। स्वास्थ्य विभाग के मुखिया से लेकर कोविड केयर सेंटर बनाए गए संयुक्त चिकित्सालय नरेंद्रनगर और जिला अस्पताल बौराड़ी के सीएमएस भी अस्वस्थ चल रहे हैं।
कोविड महामारी में कोरोना संक्रमितों की संख्या दिनोंदिन बढ़ती जा रही है। शहर हो या गांव हर जगह से सैंपलिंग बढ़ाने और पॉजिटिव मिलने वाले मरीजों के उपचार का दबाव झेल रहे विभाग के सामने कोविड केयर सेंटर में ऑक्सीजन उपलब्ध कराने और सीएचसी, पीएचसी के साथ ही स्वास्थ्य उपकेंद्रों में दवाइयां भेजने की चुनौती बनी हुई है। कोरोना मरीजों के लिए ऑक्सीजन व अन्य उपचार आदि के लिए लोग चिकित्साधिकारियों से संपर्क साधने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन सीएमओ, तीन एसीएमओ और दो मुख्य अस्पतालों के सीएमएस के अस्वस्थ चलने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सीएमओ डा. सुमन आर्य का कहना है कि वह 10-12 दिनों से अस्वस्थ हैं, लेकिन कैंप ऑफिस से काम निपटा रही हैं। दिनभर में 100 से अधिक फोन ही आ रहे हैं, जिससे आराम नहीं मिल पा रहा है। जिला प्रशासन से सकारात्मक सहयोग मिलने से व्यवस्थाएं बनाई जा रही है। उन्होंने बताया कि तीन एसीएमओ और दो सीएमएस के अस्वस्थ होने से भी दिक्कतें आ रही है।