उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी लक्ष्मण सिंह राणा (55) नहीं रहे। वे लंबे समय से अवस्थ चल रहे थे। बीती रात उन्होंने अपने ऋषिकेश स्थित आवास पर अंतिम सांस ली। राणा भिलंगना ब्लॉक के बजीगा भिलंग गांव के मूल निवासी थे। वे अपने पीछे पत्नी और एक बेटे का भरापूरा परिवार छोड़ गए है। राज्य आंदोलन में उन्होंने सक्रिय भागीदारी निभाई थी। उनके निधन पर लोकेंद्र जोशी, अब्बल सिंह रावत, ध्यान सिंह पवंार, विनोद बड़ोनी, प्रेमलाल त्रिकोटिया, कमल सिंह ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए श्रद्धाजंलि अर्पित की है। संवाद