जिले के 1270 परिवारों के नाम है पात्रता सूची में शामिल
नई टिहरी। जिले के आवास से वंचित परिवारों को जल्द प्रधानमंत्री आवास की सुविधा मिल सकती है। वंचित 1270 ग्रामीण परिवारों का इन दिनों ग्राम्य विकास विभाग सत्यापन करवा रहा है। ऐसे में सत्यापन कार्य निपटने के बाद केंद्र सरकार से पात्र परिवारों के आवास निर्माण को धनराशि मिल सकती है।
वर्तमान में प्रधानमंत्री आवास योजना से 490 आवासों का निर्माण कार्य चल रहा है। 2011 के आर्थिक एवं सामाजिक सर्वेक्षण के अनुसार टिहरी के ग्रामीण क्षेत्रों में करीब 3145 परिवारों का चयन किया गया था जिनमें 1672 आवास 2020-21 से 2023 तक केंद्र सरकार ने जिले के आवंटित किए थे। आवंटित आवासों में 490 आवासों का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है जबकि अन्य आवासों का निर्माण पूर्ण हो चुका है।
वर्तमान में 1270 लाभार्थी आवास मिलने की प्रतिक्षा में हैं। लाभार्थी लंबे समय से उम्मीद लगाए बैठे हैं कि जल्द उन्हें आवास निर्माण के लिए धनराशि मिलेगी। ग्राम्य विकास विभाग को भी इस वित्तीय वर्ष में अवशेष आवासों के निर्माण हेतु धनराशि मिलने की उम्मीद है। केंद्र सरकार की ओर से आवासीय विहीन, कच्चे आवास में रहने वाले पात्र परिवार को आवास निर्माण के लिए एक लाख 30 हजार रुपये दी जाती है जबकि आवास निर्माण में काम करने वाले जॉब कार्ड धारकों को मनरेगा से 95 दिन की मजदूरी और स्वजल से शौचालय निर्माण को 12 हजार की धनराशि मिलती है।
आवास निर्माण पूरा होने पर बर्तन से लेकर अन्य सामग्री क्रय करने के लिए मुख्यमंत्री कल्याण कोष से पांच हजार रुपये भी दिए जाते हैं। चंबा में सर्वाधिक 238 और थौलधार में सबसे कम 32 लाभार्थी चयनित है। जौनपुर में 259, नरेंद्रनगर 200, जाखणीधार 159, प्रतापनगर 142, कीर्तिनगर 122, देवप्रयाग 64 और भिलंगना 41 लोगों को आवास का निर्माण को धनराशि मिलनी है।
पूर्व में आवंटित आवासों का निर्माण प्राथमिकता से पूरे कराए जा रहे हैं। इस वित्त वर्ष में अभी तक लक्ष्य नहीं मिला है लेकिन प्रतिक्षा सूची में शामिल लाभार्थियों की पात्रता का सत्यापन कराया जा रहा है।
-सुनील कुमार, प्रभारी, पीडी डीआरडीए एवं डीडीओ टिहरी।