जिला उपभोक्ता फोरम ने हेमवती नंदन बहुगुणा विवि के कुलसचिव को बीएड की छात्रा की फीस की शेष राशि देने और दो हजार पांच सौ रुपये की क्षतिपूर्ति का भुगतान करने के निर्देश दिए हैं। न्यायालय ने फोरम में परिवाद दायर करने की तिथि से विवि को छह प्रतिशत साधारण ब्याज का भुगतान करने को भी कहा गया है।
परिवादनी प्रियंका भट्ट ने फोरम में दर्ज वाद मेें बताया कि शिक्षा सत्र 2013-14 मेें स्ववित्त पोषित बीएड के लिए उनका चयन डॉ. बी गोपाल रेड्डी परिसर पौड़ी में हुआ था।
पाठ्यक्रम की फीस के रूप में 28 हजार 400 रुपये का ड्राफ्ट पौड़ी परिसर के नाम और 2 हजार 150 रुपये का ड्राफ्ट एचएनबी विवि के नाम जमा कराया था, लेेकिन परिवादनी का नाम एसआरटी परिसर बादशाहीथौल में प्रतीक्षा सूची में आने पर उसने बादशहीथौल में प्रवेश ले लिया, जिसका शुल्क जमा कराने के बाद परिवादनी ने पौड़ी परिसर से प्रवेश निरस्त कराते हुए वहां जमा कराई गई फीस वापस मांगी, लेकिन कई बार पत्राचार करने पर एचएनबी विवि ने 22 हजार 720 रुपये लौटाए।
परिवादनी ने उपभोक्ता फोरम में वाद दायर कर शेष पूरी राशि लौटाने की अपील की। जिला जज व फोरम की अध्यक्ष मीना तिवारी, सदस्य किशन सिंह रावत और विजयलक्ष्मी थलवाल ने शिकायत को एक पक्षीय रूप से स्वीकार करते हुए विवि को शेष धनराशि में पांच सौ रुपये कम करते हुए 7 हजार 330 रुपये का भुगतान परिवाद प्रस्तुत करने की तिथि तक छह प्रतिशत साधारण ब्याज और मानसिक व आर्थिक क्षति के रूप में 2500 रुपये का भुगतान एक माह में करने के निर्देश दिए हैं।