कैंपटी थाना क्षेत्र के श्रीकोट गांव में अनुसूचित जाति के युवक की पिटाई के बाद हुई मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। गुरुवार को राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग की सदस्य स्वराज विद्वान मामले की पड़ताल करने के लिए उत्तराखंड पहुंची। वह घटनास्थल पर जाएंगी। आयोग ने इस मामले पर चिंता जताई और एसपी व कैम्पटी थाना पुलिस कर्मियों के खिलाफ कारवाई करने की बात कही।
वहीं बुधवार को भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने कैंपटी थानाध्यक्ष का घेराव किया। साथ ही उन्होंने पीड़ित परिवार को शीघ्र न्याय नहीं देने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी। वहीं जांच अधिकारी पुलिस उपाधीक्षक उत्तम सिंह जिमीवाल ने बताया कि फरार चल रहे दो लोगों की धरपकड़ के लिए तीन टीमें बनाई गई है, जो अलग-अलग जगहों पर दबिश दे रही है।
जौनपुर ब्लॉक के श्रीकोट (कोट) गांव में 26 अप्रैल को एक विवाह समारोह में बसाण गांव निवासी अनुसूचित जाति के जितेंद्र दास के साथ मारपीट की गई थी। घटना के कुछ दिन बाद घायल युवक ने देहरादून अस्पताल में दम तोड़ दिया था। युवक की मौत के बाद हंगामा बढ़ने पर पुलिस ने पांच लोगों को गिरफ्तार किया है, जबकि अभी दो लोग पकड़ से बाहर है, उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए गए हैं। मारपीट में घायल युवक की मौत होने के बाद कई संगठन पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए आगे आए हैं। बुधवार को भीम आर्मी के करीब दो दर्जन कार्यकर्ताओं ने कैंपटी थाने का घेराव किया।
पीड़ित परिवार के एक सदस्य को नौकरी दे सरकार
भीम आर्मी के प्रदेश अध्यक्ष महक सिंह ने पत्रकार वार्ता में कहा कि पीड़ित परिवार को जल्द न्याय नहीं मिला तो भीम आर्मी उग्र आंदोलन करेगी। उन्होंने पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद और एक सदस्य को सरकारी नौकरी देनी की मांग की। उन्होंने कहा कि ऐसी शर्मनाक घटना होने के बावजूद सीएम पीड़ित परिवार को सांत्वना देने नहीं पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस और कुछ लोग मामला रफा-दफा करने के लिए पीड़ित परिवार पर दबाव बना रहे हैं, जिसे कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस मौके पर भीम आर्मी के जिला अध्यक्ष अर्जुन सिंह, उपाध्यक्ष मुन्नी लाल, दीपक सेठ, अमरेश कपिल, सोनू लाठी, संजय कीर्ति, ललित कुमार, पूर्ण सिंह आदि मौजूद थे।
भीम आर्मी के प्रमुख चंद्रशेखर ने किया ट्वीट
भीम आर्मी की टीम पीड़ित परिवार के पास पहुंच गई है। अभी तीन लोगों की गिरफ्तारी हुई है, मैं सरकार को चेतावनी देता हूं कि जल्दी सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करो।