घनसाली (टिहरी)। भिलंगना ब्लॉक के कांगड़ा गांव के 200 परिवारों पर लोनिवि की लापरवाही भारी पड़ रही है। तीन साल पहले लोनिवि ने चमियाला-कांगड़ा चार किमी सड़क निर्माण कर उसे लावारिस स्थिति में छोड़ दिया है। शेष छह किमी सड़क निर्माण पूरा न होने से गांव के लोगों के सामने पांच किमी की खड़ी चढ़ाई पार करने की मजबूरी बनी है। सड़क निर्माण के लिए स्वीकृत एक करोड़ 62 लाख की धनराशि लोनिवि खर्च कर चुका है, लेकिन सड़क सुविधा का ग्रामीणों को कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है।
सुदूर कांगड़ा गांव को यातायात से जोड़ने के लिए वर्ष 2007-08 में 10 किमी सड़क की स्वीकृति मिली थी, लेकिन सर्वे में विवाद होने के कारण सड़क निर्माण शुरू नहीं हो पाया था। ग्रामीणों के धरना-प्रदर्शन के बाद लोनिवि ने वर्ष 2016 में चमियाला-कांगड़ा सड़क निर्माण शुरू किया। चार किमी सड़क की खुदाई के बाद उसे लावारिस हालत में छोड़ दिया, जिससे कांगड़ा के ग्रामीणों को सड़क का कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीणों की शिकायत पर बीते नवंबर में एसडीएम पीआर चौहान ने चमियाला-कांगड़ा सड़क का स्थलीय निरीक्षण कर लोनिवि को सर्वे के अनुरूप सड़क चौड़ीकरण करने के निर्देश दिए थे। तब से दो माह बीत चुके हैं, लेकिन लोनिवि ने सड़क मरम्मत का कार्य शुरू नहीं किया। प्रधान कमला देवी, सरोप सिंह, केशर सिंह, मकानी देवी, सकरा देवी ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर चमियाला-कांगड़ा सड़क का अधूरा निर्माण पूरा करने और सर्वे के अनुरूप सड़क निर्माण न करने वाले दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
चमियाला-कांगड़ा सड़क निर्माण के लिए स्वीकृत एक करोड़ 62 लाख की धनराशि खर्च हो चुकी है। शेष निर्माण पूरा करने के लिए शासन को सात करोड़ की डीपीआर भेजी गई है। कई स्थानों पर सड़क अवरुद्ध हो गई है।
-एनएल बर्मा, ईई लोनिवि घनसाली