नई टिहरी/नरेंद्रनगर। उत्तराखंड औद्यानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय के कृषि विज्ञान केंद्र रानीचौरी की ओर से मौण गांव में विश्व स्तनपान सप्ताह के शुभारंभ पर ग्रामीणों को कई जानकारी दी गई।
कार्यक्रम समन्वयक व खाद्य प्रसंस्करण विशेषज्ञ ई. कीर्ति कुमारी ने बताया कि बच्चे के जन्म के 45 मिनट के अंतराल में मां का दूध पिलाने से 20 प्रतिशत नवजात शिशुओं का मृत्युदर कम किया जा सकता है। केवीके की शिखा ने महिलाओं को स्थानीय फसलों से निर्मित नवजात शिशु व गर्भवती महिलाओं के लिए उत्पाद तैयार करने की जानकारी दी। कृषि विज्ञान केंद्र सात अगस्त तक टिहरी जिले के विभिन्न गांवों में गोष्ठी के माध्यम से महिलाओं को स्तनपान हेतु जागरूक करेगा। इस मौके पर रेशमा तड़ियाल, चंदा तड़ियाल, आशा आदि मौजूद थे।
उधर, नरेंद्रनगर में बाल विकास विभाग ने स्तनपान जागरूकता रैली निकाली। आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने महिलाओं की स्तनपान से बच्चे को होने वाले फायदे बताए। इस मौके पर आंगनबाड़ी वर्कर सुनीता, लक्ष्मी, संतोषी, सरोजनी, संगीता, कामिनी और अनीता आदि मौजूद थे। ब्यूरो