घनसाली (टिहरी)। जंगल में लगी आग कोठगा गांव के थापला तोक तक जा पहुंची। आग लगने से चार परिवारों का आवासीय भवन जलकर राख हो गया। घरों के अंदर रखी खाद्य सामग्री और कपड़े भी आग की भेंट चढ़ गई है।
शनिवार रात बालगंगा रेंज के कोठगा गांव के जंगल में एकाएक आग भड़क उठी। रात को आग कोठगा गांव के थापला तोक तक जा पहुंची। आग ने राकेश सिंह, सरोप सिंह, दिनेश सिंह, अवतार सिंह के संयुक्त छह कमरों के मकान को अपनी चपेट में ले लिया। उक्त चारों परिवार इन दिनों अपने मूल गांव रियूंटि कोठगा में रहते है, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई। प्रभावित परिवारों के घरों में रखी खाद्य सामग्री और कपड़े दावानल के भेंट चढ़ गए। रात को लोगों को आग लगने का पता नहीं चल पाया। रविवार सुबह ग्रामीणों ने थापला तोक जाकर आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक घरों में रखी सामग्री पूरी तरह राख हो गई थी। पूर्व जेष्ठ उप प्रमुख अब्बल सिंह रावत ने प्रभावित परिवारों को शीघ्र ही आर्थिक सहायता राशि देने की मांग की है। घरों में आग लगने की सूचना पर राजस्व उप निरीक्षक धर्मानंद ममंगाई और वन विभाग के अधिकारियों ने मौका मुआयना किया। राजस्व उप निरीक्षक ममंगाई ने बताया कि आग लगने से हुई क्षति की रिपोर्ट तैयार कर तहसील प्रशासन को सौंप दी गई है।
श्रीनगर में आग की भेंट चढ़ा 15 हेक्टेयर जंगल
श्रीनगर/कीर्तिनगर/देवप्रयाग। अलकनंदा घाटी में जंगलों की आग से चारों ओर धुंध फैली हुई है। अकेले सिविल सोयम रेंज श्रीनगर में अब तक 15 हेक्टेयर सिविल फारेस्ट जल चुका है। शनिवार शाम देवप्रयाग के निकट पुंडल-कोठी क्षेत्र, भरपूर, बागवान के समीप कोल्ठा क्षेत्र, श्रीकोट गंगानाली और चौरास क्षेत्र में दावानल ने काफी बड़े हिस्से को चपेट में ले लिया।
कीर्तिनगर के समीप गोरसाली और पौड़ी के चड़ीगांव में जंगलों में आग फैल गई। तेज हवा ने आग को और विकराल कर दिया। जिसके चलते आग बुझाने गई टीम को दिक्कत हुई। मणिकनाथ रेंज डांगचौरा के रेंज अधिकारी केएस रावत ने बताया कि टीम आग बुझाने में जुटी हुई है। ज्यादातर आग लगाने की घटनाएं गांवों से हो रही है। यदि राजस्व विभाग आग लगाने वालों के खिलाफ कार्रवाई करे, तो इस पर काबू पाया जा सकता है। प्रशासन ने आग पर नजर रखने के लिए अन्य विभागों को भी निर्देश दिए थे, लेकिन ग्रामीणों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और अन्य विभागों से सहयोग नहीं मिल पा रहा है। सिविल सोयम श्रीनगर के रेंज अधिकारी आरएस नेगी ने बताया कि श्रीकोट में लगी आग पर काबू पा लिया गया है, जबकि चड़ीगांव में टीम आग बुझाने में जुटी हुई है।
फलदार पेड़ और घास जलकर नष्ट
कर्णप्रयाग। ब्लॉक के डिम्मर गांव के समीपवर्ती जंगल में लगी आग आबादी क्षेत्र तक पहुंच गई जिससे ग्रामीणों के फलदार पेड़ और घास जलकर राख हो गई। ग्रामीणों ने इसकी सूचना फायर ब्रिगेड को दी। फायर ब्रिगेड कर्मियों और ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग बुझाई। डिम्मर के युवक मंगल दल अध्यक्ष सोबित डिमरी ने बताया कि शनिवार देर शाम को डिम्मर गांव के समीपवर्ती खेतों के ऊपरी हिस्से के जंगलों में लगी भीषण आग गांव तक पहुंच गई। आग से गणेश चंद्र खंडूड़ी के लगभग एक दर्जन से अधिक फलदार पेड़ जल गए। गांव के समीप मवेशियों के लिए रखी घास भी जलकर राख हो गई। फायर ब्रिगेड के जवानों धर्मेंद्र कंडारी, हरीश चंद्र, रोशन तथा सोबित डिमरी और धीरज खंडूड़ी आदि ने ग्रामीणों की मदद से आग पर काबू पाया।