नई टिहरी। चिपको आंदोलन के 40 साल पूरे होने पर गोष्ठी आयोजित हुई, जिसमें विकास के लिए पर्यावरण को पहुंचाए जा रहे नुकसान पर चिंता व्यक्त की गई। वक्ताओं ने कहा कि आल वेदर रोड के निर्माण के नाम पर हजार हरे पेड़ों की बलि दी जा रही है, जिससे पर्यावरण को भारी नुकसान हो रहा है।
ठक्कर बापा छात्रावास बौराड़ी में आयोजित गोष्ठी में सर्वोदय मंडल के जिलाध्यक्ष धूम सिंह नेगी ने कहा कि चारधाम यात्रा को बनाई जा रही आल वेदर रोड को लेकर हजारों पेड़ काटे गए हैं। सर्वोदय आंदोलन में शामिल रही सुदेशा बहन ने कहा कि 1978 में महिलाओं ने जिन उद्देश्यों को लेकर अपनी गिरफ्तारियां दी थी, वह सरकार की गलत नीतियों के कारण पूरे नहीं हो पाए हैं। 40 साल बाद भी महिलाओं के हितों के लिए कारगर कदम नहीं उठाए गए हैं। साब सिंह सजवाण, कुंवर सिंह सजवाण ने चिपको आंदोलन के दौरान जन चेतना पैदा करने को गाए गए गीतों के माध्यम से यादें ताजा की। बीज बचाओ आंदोलन के प्रेरणता विजय जड़धारी ने सड़कों के प्रतिकर वितरण में अपनाई जा रही असमानता से लेकर विकास के नाम पर पर्यावरण को पहुंचाए जा रहे नुकसान पर चिंता व्यक्त की। महीपाल नेगी, महेश लखेड़ा, दयाल भाई, रवि गुसाईं समेत कई लोगों ने पर्यावरण संरक्षण को लेकर सुझाव दिए।