नई टिहरी। बिगड़ती शिक्षा व्यवस्था में सुधार करने की मांग को लेकर किसान सभा और सीटू से जुड़े कार्यकर्ताओं ने कलक्ट्रेट में धरना दिया। इस मौके पर बीते माह कैबिनेट बैठक में प्रदेश सरकार की ओर से कम छात्र संख्या वाले तीन हजार स्कूलों को बंद करने के फैसले पर कड़ा आक्रोश व्यक्त किया।
किसान सभा और सीटू से जुड़े कार्यकर्ता बृहस्पतिवार को किसान सभा के सचिव भगवान सिंह राणा के नेतृत्व में कलक्ट्रेट परिसर में एकत्रित हुए। वहां प्रदेश सरकार की जन विरोधी नीतियों के विरोध में नारेबाजी करते हुए धरने पर बैठ गए। कहा कि प्रदेश सरकार की दोषपूर्ण नीति के चलते प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षा व्यवस्था में लगातार गिरावट आ रही है। गांवों से पलायन रोकने के लिए बड़े-बड़े दावें सरकार कर रही है, लेकिन 21 सदी की व्यवस्थाओं के अनुसार स्कूलों में बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के बजाय सरकार ने कम छात्र संख्या वाले विद्यालयों को बंद करने का एलान कर दिया है।
मांग के संबंध में किसान सभा की ओर से मुख्यमंत्री को ज्ञापन प्रेषित किया गया। धरने पर सीआईटीयू के कोषाध्यक्ष अर्जुन रावत, सुमेर सिंह रावत, जोत सिंह नेगी, गुलाब सिंह कठैत, जवाहर लाल, कृष्णा, सीता रावत, श्रीपाल चौहान, नित्यानंद बहुगुणा, मंजू नेगी, अलका सजवाण, पुष्पा थपलियाल व आशा भट्ट आदि बैठी रही।