शिक्षकों की यूनिफॉर्म कोई मुद्दा नहीं है। इसके बजाय शिक्षा मंत्री को शिक्षा की गुणवत्ता पर बात करनी चाहिए।
यह बात राजकीय शिक्षक संघ के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने कही है। उन्होंने कहा कि यूनिफॉर्म के मुद्दे पर शिक्षा मंत्री की नाराजगी का कोई औचित्य नहीं है।
नवनिर्वाचित अध्यक्ष कमल किशोर डिमरी ने कहा कि शिक्षकों के लिए ट्रांसफर एक्ट लाना उनकी शीर्ष प्राथमिकता है।
ट्रांसफर एक्ट नहीं होने के चलते शिक्षकों को कई तरह की परेशानियां झेलनी पड़ रही हैं। विशेषकर पहाड़ पर वर्षों से सेवा दे रहे शिक्षकों को नुकसान झेलना पड़ रहा है।
नियमावली की आड़ में चल रही मनमानी पर रोक लगाने के लिए एक्ट बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्री बार-बार शिक्षकों की ड्रेस को मुद्दा बना रहे हैं। मंत्री को इसके बजाय शिक्षा की गुणवत्ता के लिए प्रयास करने चाहिए। उन्होंने कहा कि जिसकी बात मंत्री कर रहे हैं, दरअसल वह ड्रेस नहीं बल्कि यूनिफॉर्म है।
वहीं, महामंत्री डा. सोहन सिंह माझिला ने कहा कि ट्रांसफर एक्ट, एसीपी, एलटी का 5400 ग्रेड पे, एलटी का मंडल कैडर समाप्त करना, बेसिक से समायोजित शिक्षकों को पूर्व सेवा का लाभ दिलाते हुए चयन प्रोन्नत वेतनमान दिलाना, शिक्षा की गुणवत्ता के लिए एकेडमिक सेल गठित करना उनकी प्राथमिकता में है।